कोलकाता: पश्चिम बंगाल की सत्ता संभालने के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने अब राज्य के सांस्कृतिक केंद्र 'टॉलीवुड' की सफाई शुरू कर दी है। लंबे समय से टॉलीवुड में दलगत राजनीति, भाई-भतीजावाद और अ्ररूप-स्वरूप विश्वास के 'असीमित प्रभाव' को लेकर उठ रही शिकायतों पर कड़ा संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री ने नवान्न में एक महत्वपूर्ण बैठक की।
चार स्टार विधायकों को मिली कमान
सूत्रों के अनुसार, टॉलीवुड के स्टूडियो पाड़ा में शांति और निष्पक्ष कार्य संस्कृति बहाल करने के लिए मुख्यमंत्री ने चार अनुभवी चेहरों को जिम्मेदारी दी है। ये चार नाम हैं: रूपा गांगुली, पापिया अधिकारी, हिरण चटर्जी और रूद्रनील घोष। ये विधायक संस्कृति विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर फिल्म इंडस्ट्री की समस्याओं का समाधान निकालेंगे।
"अब नहीं चलेगी अराजकता" – रूद्रनील घोष
इस नई जिम्मेदारी पर प्रतिक्रिया देते हुए विधायक रूद्रनील घोष ने कहा, "पुरानी आदतों के चलते कुछ लोग अभी भी टॉलीवुड में अराजकता और कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन नई सरकार में यह सब नहीं चलेगा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट संदेश दिया है कि फिल्म इंडस्ट्री में भयमुक्त और स्वतंत्र वातावरण होना चाहिए ताकि हर योग्य कलाकार को काम मिल सके।"
नवान्न में हुई समीक्षा बैठक
बुधवार को नवान्न में मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों के सचिवों के साथ रिव्यू मीटिंग की। इस बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य और विशेष रूप से संस्कृति विभाग पर चर्चा हुई। बैठक में स्वप्न दासगुप्ता और इंद्रनील खां जैसे नेता भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने सूचना एवं संस्कृति विभाग के सचिव को सख्त निर्देश देते हुए कहा, "टॉलीवुड की समस्याओं को तुरंत हल करें। सभी पक्षों से बात करें और इतने सालों से चली आ रही अव्यवस्था को खत्म करें।"
भ्रष्टाचार मुक्त होगा टॉलीवुड
बैठक में टॉलीवुड के भीतर होने वाले भ्रष्टाचार और यूनियनों के मनमाने रवैये पर भी विस्तृत चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया है कि शिक्षा, स्वास्थ्य और संस्कृति से जुड़ी भावी योजनाओं पर एक विस्तृत रिपोर्ट जल्द से जल्द सौंपी जाए। माना जा रहा है कि इस कदम से टॉलीवुड में दशकों से चले आ रहे एक खास गुट के 'सिंडिकेट राज' पर लगाम लगेगी।