रायपुर: छत्तीसगढ़ में प्रस्तावित नगरीय निकाय चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। चुनावी रणनीति को मजबूत करने के लिए पार्टी ने 4 नगर निगम समेत कुल 15 निकायों में प्रभारी और सह-प्रभारियों की नियुक्ति की है। भाजपा ने नियुक्त किए गए नेताओं की सूची भी जारी कर दी है। पार्टी ने अलग-अलग निकायों की जिम्मेदारी वरिष्ठ नेताओं को सौंपी है। इन नेताओं के नेतृत्व में स्थानीय स्तर पर संगठन को मजबूत करने और चुनावी तैयारियों को आगे बढ़ाया जाएगा।
बिरगांव नगर निगम की जिम्मेदारी सौरभ सिंह को
जारी सूची के मुताबिक सौरभ सिंह को बिरगांव नगर निगम का प्रभारी बनाया गया है। वहीं भावना बोहरा और कमल गर्ग को सह-प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। भिलाई नगर निगम के लिए भूपेंद्र सवन्नी को प्रभारी नियुक्त किया गया है। लक्ष्मी वर्मा और चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी सह-प्रभारी के रूप में संगठनात्मक जिम्मेदारी संभालेंगे।
रिसाली और भिलाई-चरौदा में भी नियुक्तियां
रिसाली नगर निगम की जिम्मेदारी अनुराग सिंहदेव को प्रभारी के तौर पर दी गई है। श्वेता शर्मा और आसू चंद्रवंशी सह-प्रभारी होंगे। वहीं भिलाई-चरौदा नगर निगम के प्रभारी नीलू शर्मा बनाए गए हैं। मीनल चौबे और सूर्यकांत राठौर सह-प्रभारी के तौर पर काम करेंगे। इसके अलावा जामुल नगरपालिका की जिम्मेदारी राजीव अग्रवाल को प्रभारी के रूप में सौंपी गई है।
स्थानीय स्तर पर संगठन मजबूत करने पर फोकस
भाजपा की इन नियुक्तियों को आगामी नगरीय निकाय चुनाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी का फोकस स्थानीय स्तर पर संगठन को सक्रिय करने, कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय बढ़ाने और चुनावी रणनीति को प्रभावी ढंग से लागू करने पर है। प्रभारियों और सह-प्रभारियों के नेतृत्व में संबंधित निकायों में संगठनात्मक गतिविधियों को गति दी जाएगी।
दिसंबर में खत्म हो रहा कई निकायों का कार्यकाल
छत्तीसगढ़ के 15 शहरी स्थानीय निकायों के लिए आम चुनाव प्रस्तावित हैं। इनमें 4 नगर निगम—बिरगांव, भिलाई, भिलाई-चरौदा और रिसाली शामिल हैं। इसके अलावा 5 नगर परिषद—जामुल, सारंगढ़, बैकुंठपुर, शिवपुर-चरचा और खैरागढ़ तथा 6 नगर पंचायत—प्रेमनगर, मारो, कोंटा, नरहरपुर, भैरमगढ़ और भोपालपटनम शामिल हैं। इन निकायों का कार्यकाल दिसंबर में समाप्त हो रहा है। वहीं तमनार और बड़ी करेली दो नवगठित नगर पंचायतों में पहली बार आम चुनाव होंगे। भाजपा की ओर से प्रभारी नियुक्त किए जाने के बाद अब स्थानीय स्तर पर चुनावी गतिविधियों के और तेज होने की उम्मीद है।