वॉशिंगटन | अमेरिका में मध्यावधि चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी को मिली हार के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। ट्रंप ने दावा किया कि अगर वह खुद चुनाव मैदान में होते तो रिपब्लिकन पार्टी भारी बहुमत से जीत हासिल करती। उन्होंने पार्टी की हार के लिए अपने सहयोगियों को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि उनकी गैरमौजूदगी चुनाव परिणामों की एक वजह हो सकती है।
ट्रंप बोले- मैं चुनाव लड़ता तो बड़ी जीत मिलती
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए लिखा, “मैं चुनाव मैदान में नहीं था। अगर मैं होता तो हम भारी बहुमत से जीतते।”
एक अन्य पोस्ट में उन्होंने संकेत दिया कि अब वह राजनीतिक टिप्पणीकार की भूमिका निभाते हुए चुनाव में उम्मीदवारों की जीत और हार के कारणों का विश्लेषण करेंगे।
चुनावी हार के बाद सहयोगियों पर उठाए सवाल
मध्यावधि चुनाव में डेमोक्रेटिक पार्टी के कांग्रेस पर नियंत्रण हासिल करने के बाद ट्रंप की यह प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने चुनाव परिणाम स्वीकार करने की बात कही, लेकिन उनके बयानों से साफ संकेत मिला कि वह रिपब्लिकन पार्टी की हार के लिए अपने सहयोगियों को जिम्मेदार मान रहे हैं।
डेमोक्रेट्स के विधेयकों को वीटो करने की दी थी चेतावनी
चुनाव से पहले ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि अगर डेमोक्रेटिक पार्टी कांग्रेस पर नियंत्रण हासिल करती है तो वह उसके विधेयकों को वीटो कर देंगे। न्यूयॉर्क पोस्ट के ‘पॉड फोर्स वन’ पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान उन्होंने कहा था कि रिपब्लिकन पार्टी के हारने पर वह हर विधेयक को वीटो करेंगे। ट्रंप ने यह भी कहा था कि कुछ समय तक विधेयकों को रोकने के बाद डेमोक्रेटिक नेता बातचीत के लिए आगे आएंगे और दोनों पक्ष किसी समझौते पर पहुंच सकते हैं।
तीसरी बार राष्ट्रपति चुनाव लड़ने की इच्छा जता चुके हैं ट्रंप
ट्रंप पहले स्वीकार कर चुके हैं कि अमेरिकी संविधान उन्हें तीसरी बार राष्ट्रपति पद का चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं देता। इसके बावजूद वह दोबारा चुनाव लड़ने की इच्छा जता चुके हैं। मध्यावधि चुनाव के बाद उनका ताजा बयान एक बार फिर अमेरिकी राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है।