भोपाल: राजधानी भोपाल में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। सोमवार से शहर की सड़कों पर 10 नई इलेक्ट्रिक बसें और दौड़ने लगी हैं। अब यात्रियों को निर्धारित स्टॉप पर करीब 10 से 15 मिनट के अंतराल में ई-बस मिलने की सुविधा मिल रही है।
ई-बस सेवा शुरू होने से शहर के प्रमुख इलाकों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर हुई है। खासतौर पर नौकरीपेशा लोगों और छात्रों को इसका फायदा मिल रहा है। फिलहाल इन बसों का संचालन तीन प्रमुख रूट पर किया जा रहा है।
30 हुई भोपाल में ई-बसों की संख्या
भोपाल में इलेक्ट्रिक बस सेवा का विस्तार लगातार किया जा रहा है। सोमवार को 10 और बसें शुरू होने के बाद अब शहर में कुल 30 ई-बसें संचालित हो रही हैं।
इन बसों के बढ़ने से यात्रियों को बस के लिए ज्यादा देर तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा। निर्धारित स्टॉप पर करीब 10 से 15 मिनट के अंतराल में बस उपलब्ध होने से रोजाना सफर करने वाले यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
तीन रूट पर चल रही हैं ई-बसें
फिलहाल राजधानी में ई-बसों का संचालन तीन प्रमुख रूट पर किया जा रहा है। इन रूटों के जरिए शहर के कई महत्वपूर्ण हिस्सों को आपस में जोड़ा गया है।ई-बस सेवा से कोलार रोड, बावड़ियाकलां, बैरागढ़, एमपी नगर और ISBT के बीच कनेक्टिविटी बेहतर हुई है। खास बात यह है कि सभी बसें एमपी नगर से होकर गुजर रही हैं, जिससे शहर के प्रमुख व्यावसायिक और शैक्षणिक क्षेत्रों तक पहुंच आसान हुई है।
इन इलाकों से होकर गुजरती हैं बसें
ई-बसों के रूट में राजधानी के कई प्रमुख इलाके शामिल हैं।
बैरागढ़
कोलार रोड
एमपी नगर
न्यू मार्केट
बावड़ियाकलां
सलैया
रोहित नगर
अशोका गार्डन
सुभाषनगर
कोहेफिजा
पीर गेट
6 रुपये से शुरू होकर 40 रुपये तक किराया
ई-बसों में सफर करने के लिए यात्रियों को ज्यादा किराया नहीं देना होगा। जानकारी के मुताबिक, बसों का न्यूनतम किराया 6 से 7 रुपये है, जबकि अलग-अलग दूरी के हिसाब से अधिकतम किराया 40 रुपये तक रखा गया है।कम किराए के साथ नियमित अंतराल पर बस मिलने से नौकरीपेशा लोगों, छात्रों और रोजाना यात्रा करने वाले यात्रियों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है।
रोज 10 से 12 हजार यात्री कर रहे सफर
भोपाल में ई-बसों की संख्या बढ़ने के साथ इनका इस्तेमाल करने वाले यात्रियों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। वर्तमान में करीब 10 से 12 हजार यात्री रोजाना ई-बसों में सफर कर रहे हैं।पिछले सप्ताह भी 10 नई बसें शुरू की गई थीं, जिसके बाद ई-बसों की संख्या 20 हो गई थी। अब 10 और बसें जुड़ने से कुल संख्या 30 पहुंच गई है।
नौकरीपेशा और छात्रों को बड़ी राहत
एमपी नगर, न्यू मार्केट और अन्य प्रमुख क्षेत्रों से होकर गुजरने वाली ई-बसों का सबसे ज्यादा फायदा नौकरीपेशा लोगों और छात्रों को मिल रहा है। नियमित अंतराल पर बस मिलने से ऑफिस, कॉलेज और बाजार जाने वाले यात्रियों का समय बच रहा है।शहर में ई-बसों का विस्तार होने से निजी वाहनों पर निर्भरता कम करने और सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने में भी मदद मिल सकती है।