मध्यप्रदेश से राज्यसभा की तीसरी सीट के लिए कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन को चुनाव आयोग से कोई राहत नहीं मिली है। दिल्ली में चुनाव आयोग ने रिटर्निंग अधिकारी द्वारा नामांकन रद्द किए जाने के फैसले को सही ठहराते हुए उसे बरकरार रखा है। इसके बाद अब कांग्रेस के पास कानूनी विकल्प बचा है और पार्टी इस मामले को अदालत में चुनौती देने की तैयारी कर रही है।
कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने आयोग से की मुलाकात
मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द किए जाने के खिलाफ कांग्रेस के आठ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को दिल्ली में चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने मध्यप्रदेश विधानसभा के रिटर्निंग अधिकारी के फैसले पर आपत्ति जताते हुए शिकायत दर्ज कराई। इस दौरान कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल, मीनाक्षी नटराजन, विवेक तन्खा सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।केसी वेणुगोपाल ने कहा कि मीनाक्षी नटराजन का नामांकन गलत तरीके से निरस्त किया गया है और पार्टी इस फैसले के खिलाफ लोकतांत्रिक एवं कानूनी लड़ाई जारी रखेगी।
चुनाव आयोग ने रिटर्निंग अधिकारी के फैसले को माना सही
कांग्रेस नेताओं से मुलाकात के दौरान चुनाव आयोग ने मामले की समीक्षा के लिए कुछ समय लिया। बाद में आयोग ने रिटर्निंग अधिकारी के निर्णय को उचित बताते हुए नामांकन निरस्त करने के फैसले को बरकरार रखा।
प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन का ऐलान
पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने कहा- कांग्रेस विधायक रिटर्निंग ऑफिसर अरविंद शर्मा के खिलाफ विधानसभा में निंदा प्रस्ताव लाएंगे। अगले एक सप्ताह तक पूरे प्रदेश के प्रदर्शन का ऐलान किया है। गुरुवार से हर ब्लाक, मोहल्ले, पंचायत में कांग्रेस का प्रदर्शन होगा। हर जिले में कांग्रेस कलेक्टर कार्यालय, जिला बीजेपी कार्यालय का घेराव करेंगे। जिसमें हर जिले के एक सीनियर नेता जाएंगे। मुख्यमंत्री निवास और बीजेपी मुख्यालय का भी घेराव करेंगे।