भोपाल, मध्य प्रदेश | मध्य प्रदेश में तबादले के बाद नई पदस्थापना पर कार्यभार ग्रहण नहीं करने वाले 17 राज्य प्रशासनिक सेवा अधिकारियों के खिलाफ सामान्य प्रशासन विभाग ने कार्रवाई की है। शासन ने इन अधिकारियों को उनकी मौजूदा पदस्थापना से एकतरफा रूप से कार्यमुक्त कर दिया है। सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से 21 सितंबर 2026 को जारी आदेश में सभी संबंधित अधिकारियों को नई पदस्थापना पर तत्काल कार्यभार ग्रहण करने और इसकी उपस्थिति रिपोर्ट विभाग की कार्मिक शाखा को भेजने के निर्देश दिए गए हैं।
कई जिलों में बदले गए अधिकारियों के पद
आदेश के अनुसार शैलेन्द्र सिंह को जिला पंचायत सतना के मुख्य कार्यपालन अधिकारी पद से हटाकर जिला पंचायत दतिया का सीईओ बनाया गया है। वहीं सपना त्रिपाठी को अपर कलेक्टर रीवा से जिला पंचायत सतना के मुख्य कार्यपालन अधिकारी की जिम्मेदारी दी गई है। पीयूष भट्ट को संयुक्त कलेक्टर रीवा से उपायुक्त, भू-संसाधन प्रबंधन, रीवा संभाग के पद पर पदस्थ किया गया है। इसी तरह हृतेन्द्र घोरमार को मंडला से शहडोल संभाग में उपायुक्त (राजस्व) बनाया गया है। मायाराम कोल को बालाघाट से सागर संभाग में उपायुक्त (राजस्व) की जिम्मेदारी दी गई है। कैलाश चन्द्र ठाकुर को बालाघाट से संयुक्त कलेक्टर खरगोन के पद पर भेजा गया है। वहीं सुधीर कुमार जैन को छिंदवाड़ा से बालाघाट और अनुराग तिवारी को रीवा से सतना पदस्थ किया गया है।
प्रियंका वर्मा समेत अन्य अधिकारियों की भी नई पदस्थापना
तबादला आदेश में प्रियंका वर्मा को सामान्य प्रशासन विभाग में अवर सचिव बनाया गया है। इसके अलावा मेधा पंवार को धार से आलीराजपुर, किरण सिंह आंजना को नीमच से झाबुआ और मेधा तिवारी को मुरैना से श्योपुर पदस्थ किया गया है। आरती नर्बदा सिंह को मैहर से सतना भेजा गया है। वहीं आकांक्षा करौठिया को खरगोन से आलीराजपुर और राहुल नायक को बालाघाट से रायसेन पदस्थ किया गया है।
डिंडोरी, सिवनी और मंडला में भी बदलाव
प्रशासनिक फेरबदल के तहत वैद्यनाथ वासनिक को डिंडोरी से सिवनी भेजा गया है। वहीं रेखा देशमुख को सिवनी से मंडला का प्रभारी डिप्टी कलेक्टर बनाया गया है। शासन ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे अपनी नई पदस्थापना पर तत्काल कार्यभार ग्रहण करें और कार्यभार ग्रहण करने के बाद इसकी रिपोर्ट सामान्य प्रशासन विभाग की कार्मिक शाखा को भेजें।