दुबई/भोपाल, 8 सितंबर 2026 | मध्यप्रदेश में पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर को अब UAE से बड़ा निवेश मिल सकता है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की दुबई यात्रा के दौरान UAE के कैबिनेट सदस्य और अर्थव्यवस्था एवं पर्यटन मंत्री अब्दुल्ला बिन तौक अल मर्री के साथ हुई उच्चस्तरीय बैठक में होटल, हॉस्पिटैलिटी और पर्यटन क्षेत्र में साझेदारी पर चर्चा हुई। बैठक के बाद UAE की ओर से एक विशेष निवेश प्रतिनिधिमंडल जल्द मध्यप्रदेश भेजने पर सहमति बनी है, जो होटल और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाओं को परखेगा।
मुख्यमंत्री ने UAE के मंत्री को भोपाल में प्रस्तावित Global Investors Summit 2027 में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया। अल मर्री ने आमंत्रण स्वीकार करते हुए मध्यप्रदेश के साथ आर्थिक और पर्यटन सहयोग बढ़ाने में रुचि दिखाई।
MP में होटल-हॉस्पिटैलिटी की संभावनाएं देखेगा UAE का दल
मध्यप्रदेश में धार्मिक, वन्यजीव, विरासत और इको-टूरिज्म तेजी से बढ़ रहा है। सरकार का फोकस बढ़ती पर्यटक संख्या के हिसाब से होटल, रिसॉर्ट और होमस्टे जैसे आवास विकल्प बढ़ाने पर है। इसी कड़ी में UAE से आने वाला निवेश प्रतिनिधिमंडल मध्यप्रदेश में Hotel और Hospitality Investment की संभावनाएं देखेगा। यहां यह स्पष्ट रखना जरूरी है कि फिलहाल UAE की ओर से किसी निश्चित होटल परियोजना या निवेश राशि की घोषणा नहीं हुई है; दौरे का उद्देश्य अवसरों की पहचान और संभावित निवेश को आगे बढ़ाना है।
Mining से Tourism तक इन क्षेत्रों पर हुई बात
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर बैठक की जानकारी देते हुए बताया कि दोनों पक्षों के बीच Mining, Textile, Forest और Tourism जैसे प्रमुख क्षेत्रों में साझेदारी को लेकर चर्चा हुई। सीएम ने UAE के प्रतिनिधियों को मध्यप्रदेश की निवेश नीतियों, भूमि संबंधी व्यवस्था, श्रम सुधारों और विदेशी निवेशकों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी भी दी।
MP-UAE के बीच Air Connectivity बढ़ाने पर भी चर्चा
बैठक में एक अहम मुद्दा एविएशन कनेक्टिविटी का भी रहा। मुख्यमंत्री ने मध्यप्रदेश की नई Aviation Policy के बारे में जानकारी दी। अब्दुल्ला बिन तौक अल मर्री UAE की General Civil Aviation Authority के चेयरमैन भी हैं। उन्होंने मध्यप्रदेश और UAE के बीच aviation operations और connectivity बढ़ाने में सहयोग का भरोसा दिया। बेहतर हवाई संपर्क से पर्यटन के साथ व्यापार, निवेश और कार्गो मूवमेंट को भी फायदा मिल सकता है।
Direct Flight का अभी ऐलान नहीं
यहां यात्रियों के लिए एक बात साफ समझना जरूरी है। बैठक में aviation operations बढ़ाने में सहयोग की बात हुई है, लेकिन अभी किसी नए भोपाल-दुबई या इंदौर-UAE direct flight route की औपचारिक घोषणा नहीं हुई है।
इसलिए फिलहाल इसे “MP-UAE के बीच नई सीधी उड़ान शुरू होगी” के रूप में लिखना सही नहीं होगा। नई फ्लाइट के लिए एयरलाइन, स्लॉट और नागरिक उड्डयन की अलग प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
बढ़ते पर्यटन पर MP सरकार का फोकस
मध्यप्रदेश सरकार का कहना है कि राज्य में पर्यटकों की संख्या लगातार बढ़ रही है। धार्मिक पर्यटन में उज्जैन, ओंकारेश्वर और चित्रकूट, जबकि wildlife tourism में कान्हा, बांधवगढ़, पेंच और कूनो जैसे स्थान अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों को आकर्षित कर रहे हैं। इसी बढ़ती मांग को देखते हुए निजी निवेशकों को होटल, रिसॉर्ट और होमस्टे शुरू करने के लिए प्रोत्साहित करने पर जोर है। मध्यप्रदेश पर्यटन की आधिकारिक व्यवस्था में विभिन्न शहरों और पर्यटन स्थलों पर होमस्टे नेटवर्क भी संचालित है।
CM ने दिया GIS 2027 का न्योता
मुख्यमंत्री ने UAE के अर्थव्यवस्था एवं पर्यटन मंत्री को मध्यप्रदेश की आगामी Global Investors Summit 2027 में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया। दुबई दौरे के दौरान मुख्यमंत्री अलग-अलग देशों के नेताओं और बड़े कारोबारी समूहों को भी GIS 2027 में आने और मध्यप्रदेश में निवेश की संभावनाएं देखने का न्योता दे रहे हैं।
AIM Congress में MP की Investment Pitch
मुख्यमंत्री मोहन यादव 7 से 9 सितंबर तक दुबई में आयोजित AIM Congress 2026 में मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। राज्य इस मंच पर Tourism, Food Processing, Mining, Logistics, Renewable Energy, Textile और अन्य उद्योगों में उपलब्ध निवेश अवसरों को दुनिया के निवेशकों के सामने रख रहा है।
UAE मॉडल को MP में समझने की कोशिश
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने UAE के Hatta Economic Zone और Dubai Future Foundation जैसे विकास मॉडल पर भी जानकारी ली।
दोनों पक्षों के बीच औद्योगिक क्लस्टर, innovation ecosystem और भविष्य की अर्थव्यवस्था से जुड़े संस्थागत सहयोग पर बातचीत हुई।
Tourism के साथ रोजगार पर भी नजर
यदि UAE की होटल और हॉस्पिटैलिटी कंपनियां मध्यप्रदेश में निवेश करती हैं तो इसका असर केवल पर्यटन तक सीमित नहीं रहेगा। होटल, रिसॉर्ट, ट्रैवल, फूड सर्विस, गाइड, ट्रांसपोर्ट और स्थानीय हस्तशिल्प जैसे क्षेत्रों में नए रोजगार और कारोबार के अवसर बन सकते हैं। हालांकि इसका वास्तविक असर निवेश प्रस्तावों के परियोजनाओं में बदलने के बाद ही स्पष्ट होगा।