जबलपुर। मानसून के मौसम में ट्रेनों का संचालन सुरक्षित और सुचारु बनाए रखने के लिए रेलवे ने विशेष तैयारियां शुरू कर दी हैं। पश्चिम मध्य रेलवे ने अपने कंट्रोल रूम को मौसम विभाग के कंट्रोल रूम से जोड़ दिया है, जिससे हर तीन घंटे में मौसम संबंधी ताजा जानकारी प्राप्त होगी। मौसम में अचानक बदलाव या खराब परिस्थितियों की सूचना मिलते ही संबंधित विभागों और नजदीकी स्टेशनों को तत्काल अलर्ट किया जाएगा।
तीनों मंडलों के लिए बनाया गया मौसम सतर्कता समूह
रेलवे प्रशासन ने जबलपुर, भोपाल और कोटा मंडल को शामिल करते हुए विशेष मौसम निगरानी समूह का गठन किया है। भोपाल और जबलपुर मंडल के लिए पूर्वानुमान भोपाल विज्ञान केंद्र से लिया जाएगा, जबकि कोटा मंडल के लिए राजस्थान विज्ञान केंद्र से मौसम संबंधी जानकारी प्राप्त की जाएगी। किसी भी चेतावनी के बाद संबंधित रेलखंडों पर निगरानी बढ़ाने और राहत दलों को तैयार रखने की व्यवस्था की गई है।
ओएचई तारों और ट्रैक की होगी विशेष जांच
मानसून के दौरान तेज हवाओं और बारिश से ओवरहेड इलेक्ट्रिक (ओएचई) लाइन प्रभावित होने की संभावना को देखते हुए रेलवे ने टावर वैगनों को अलर्ट मोड पर रखा है। जरूरत पड़ने पर ये टीमें मौके पर पहुंचकर निरीक्षण और मरम्मत का कार्य करेंगी। इसके अलावा ट्रैक के आसपास मौजूद खतरनाक पेड़ों की छंटाई, तारों के खिंचाव की जांच और अन्य जोखिमों को कम करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।
खराब मौसम में बढ़ाई जाएगी पेट्रोलिंग
भारी बारिश या तेज आंधी की स्थिति में गैंगमैन और पेट्रोलमैन को तुरंत सतर्क किया जाएगा। रात के समय मौसम खराब होने पर ट्रैक की गश्त बढ़ाई जाएगी, ताकि किसी भी संभावित खतरे का समय रहते पता लगाया जा सके। बड़े पुलों और संवेदनशील स्थानों पर स्थायी निगरानी कर्मियों की तैनाती की जाएगी, जो जलस्तर और ट्रैक की स्थिति पर लगातार नजर रखेंगे। जलभराव की समस्या से बचने के लिए ट्रैक के आसपास नालियों की व्यवस्था भी की जाएगी।
संवेदनशील क्षेत्रों का करेंगे विशेष निरीक्षण
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक जिन इलाकों में पहले जलभराव या मिट्टी धंसने जैसी घटनाएं सामने आ चुकी हैं, वहां इंजीनियर विशेष दौरा करेंगे। आवश्यकता पड़ने पर ट्रेनों को सुरक्षित स्थानों पर रोका जाएगा। ट्रैक पर पानी जमा होने की स्थिति में अस्थायी नालियां बनाकर पानी निकासी की जाएगी। वहीं मिट्टी आने या किसी अन्य बाधा की स्थिति में राहत और रखरखाव दल तुरंत कार्रवाई कर रेल यातायात को सुरक्षित बनाए रखेंगे।