वाराणसी: ज्ञानवापी (Gyanvapi) की दीवारों पर उकेरी गईं हिंदू धर्म से संबंधित तस्वीरें और लिखे गए शब्द बता रहे हैं कि यह पूर्व में विशाल मंदिर रहा होगा। एएसआई की सर्वे रिपोर्ट में इसका उल्लेख किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार एक बीम पर नागरी लिपि में ‘कासी’ लिखा है। यह भी लिखा है कि यह 17वीं शताब्दी का है। इसकी तस्वीरें भी रिपोर्ट में हैं। एक अवशेष पर संस्कृत में श्रीमच्छा, पा भृगुवास, वद्विजातिश्च, आय अर्जानी, णरायै परोप, जातिभि: धर्मज्ञ: अंकित है। एएसआइ ने इसे 16वीं शताब्दी का अवशेष बताया है। इसी प्रकार एक लिंटेल बीम पर संस्कृत में यो न मा महाचद लिखा मिला। एक दीवार पर संस्कृत में रुद्राद्या व श्रावना अंकित है।
ज्ञानवापी (Gyanvapi) की दीवारों पर उकेरी गईं हिंदू धर्म से संबंधित तस्वीरें और लिखे गए शब्द बता रहे हैं कि यह पूर्व में विशाल मंदिर रहा होगा। एएसआई की सर्वे रिपोर्ट में इसका उल्लेख किया गया है।