कोलकाता: पश्चिम बंगाल में पहले चरण की वोटिंग के बीच सियासी माहौल और गर्म हो गया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह खुद कोलकाता में मौजूद रहकर भाजपा के चुनावी अभियान को लीड कर रहे हैं। उन्होंने प्रदेश भाजपा कार्यालय में वरिष्ठ नेताओं के साथ अहम बैठक की।
दूसरे चरण की रणनीति पर फोकस
इस बैठक में खास तौर पर दूसरे चरण के मतदान वाले क्षेत्रों की रणनीति पर चर्चा की गई। पार्टी नेताओं ने प्रचार अभियान को और मजबूत करने, बूथ स्तर की तैयारी और संगठनात्मक समन्वय को लेकर विस्तृत मंथन किया।
पहले चरण में बढ़ा मतदान, कई जगह तनाव
पहले चरण की वोटिंग के दौरान कई इलाकों में राजनीतिक तनाव की खबरें भी सामने आईं। कुछ स्थानों पर झड़प और आरोप-प्रत्यारोप की स्थिति देखी गई, हालांकि मतदान प्रतिशत तेजी से बढ़ता हुआ नजर आया और 6 शुरुआती घंटों में ही 60% से अधिक वोटिंग दर्ज की गई।
राजनीतिक बयानबाजी भी तेज
भाजपा नेता स्वपन दासगुप्ता ने दावा किया कि अमित शाह का कालीघाट काली मंदिर जाने का भी कार्यक्रम है। उन्होंने इलाके में विकास कार्यों को लेकर राज्य सरकार पर सवाल उठाए और टीएमसी पर उपेक्षा का आरोप लगाया।
दूसरे चरण में कड़ा मुकाबला तय
राज्य की सियासत में पहले चरण में भाजपा को कुछ सीटों पर बढ़त मिली थी, जबकि दूसरे चरण के इलाके पारंपरिक रूप से टीएमसी के मजबूत गढ़ माने जाते हैं। ममता बनर्जी के नेतृत्व में टीएमसी जहां चौथी बार सत्ता बरकरार रखने की कोशिश में है, वहीं भाजपा सत्ता परिवर्तन के लक्ष्य के साथ मैदान में है।
हाई-वोल्टेज चुनावी टक्कर के आसार
लगातार बढ़ती वोटिंग और राजनीतिक हलचल के बीच बंगाल चुनाव इस बार बेहद रोमांचक मोड़ पर पहुंचता दिख रहा है। कांग्रेस और वाम दल कमजोर स्थिति में हैं, जिससे मुकाबला मुख्य रूप से भाजपा और टीएमसी के बीच सिमटता नजर आ रहा है।