ओमान के लीमा तट के पास सोमवार शाम भारतीय ध्वज वाले मालवाहक जहाज एमएसवी अल जुसुफी पर हमला हुआ। जहाज पर सवार 14 भारतीय नाविकों में से एक की मौत हो गई, जबकि 13 को सुरक्षित बचा लिया गया। केंद्रीय बंदरगाह, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने मंगलवार को घटना की जानकारी दी। उनके मुताबिक, जहाज को किसी अज्ञात हवाई वस्तु ने निशाना बनाया। हमले में जान गंवाने वाले नाविक की पहचान गुजरात निवासी गांधार नाहिम अजीज के रूप में हुई है।
ओमान के तटरक्षक बल ने चलाया बचाव अभियान
हमले के बाद ओमान के तटरक्षक बल ने तत्काल कार्रवाई करते हुए जहाज से 13 भारतीय नाविकों को सुरक्षित निकाल लिया। सोनोवाल ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर इसकी पुष्टि की। बचाए गए नाविकों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के लिए ओमान स्थित भारतीय दूतावास स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है। घटना में एक नाविक की मौत के बाद उसके पार्थिव शरीर को भारत लाने की व्यवस्था भी की जा रही है।
विदेश मंत्रालय ने की हमले की निंदा
विदेश मंत्रालय ने हमले को निंदनीय बताते हुए मृतक नाविक के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। मंत्रालय के अनुसार, जहाज पर मौजूद 14 भारतीय नागरिकों में से 13 को बचा लिया गया, जबकि एक की चोटों के कारण मौत हो गई। भारतीय दूतावास ओमानी अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहा है, ताकि सुरक्षित बचाए गए नाविकों और मृतक के पार्थिव शरीर को जल्द भारत लाया जा सके।
हमले के पीछे की वजह अब भी स्पष्ट नहीं
प्रारंभिक जानकारी में हमले के लिए अज्ञात हवाई वस्तु को जिम्मेदार बताया गया है, लेकिन इसके स्रोत और हमलावर पक्ष की पहचान अभी सामने नहीं आई है। हमले में इस्तेमाल किए गए हथियार या उपकरण को लेकर भी कोई आधिकारिक विवरण उपलब्ध नहीं है। ऐसे में घटना की परिस्थितियों और जिम्मेदार पक्ष का पता लगाने के लिए जांच महत्वपूर्ण होगी। भारतीय जहाज को निशाना बनाए जाने से क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा पर भारत का जोर
विदेश मंत्रालय ने क्षेत्र में वाणिज्यिक जहाजों पर हो रहे हमलों को बेहद चिंताजनक बताया है। भारत ने तनाव कम करने और राजनयिक समाधान के लिए बातचीत आगे बढ़ाने की अपील की है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि वाणिज्यिक जहाजों और नागरिक बुनियादी ढांचे को निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए। अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुरूप समुद्री मार्गों पर मुक्त और निर्बाध आवागमन तथा व्यापार जल्द बहाल होना जरूरी है।
समुद्री व्यापार और नाविकों की सुरक्षा बड़ी चुनौती
ओमान के तट के पास हुई यह घटना समुद्री मार्गों पर काम कर रहे नाविकों की सुरक्षा से जुड़ी गंभीर चुनौती को रेखांकित करती है। अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों पर जहाजों को निशाना बनाया जाना आपूर्ति और नौवहन व्यवस्था को प्रभावित कर सकता है। भारत ने इस घटना के बाद क्षेत्र में शांति और स्थिरता बहाल करने की आवश्यकता दोहराई है। फिलहाल प्राथमिकता बचाए गए नाविकों की सुरक्षित वापसी और मृतक के पार्थिव शरीर को भारत लाने की है।