नई दिल्ली: कालीघाट तृणमूल के बैंक खातों को फ्रीज़ किए जाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) से जवाब तलब किया है। अदालत ने एजेंसी से पूछा है कि पार्टी के खातों पर रोक लगाने के फैसले का आधार क्या था और इस संबंध में अपना विस्तृत पक्ष पेश करने को कहा है।
क्या है पूरा मामला?
मामला उन तीन बैंक खातों से जुड़ा है जिन्हें ईडी ने धनशोधन (PMLA) जांच के तहत फ्रीज़ किया था। जांच एजेंसी का दावा है कि इन खातों में मौजूद रकम कथित वित्तीय अनियमितताओं और विमान तथा हेलीकॉप्टर खरीद से जुड़े लेनदेन की जांच के दायरे में है। दूसरी ओर, कालीघाट तृणमूल का कहना है कि खातों पर रोक लगने से पार्टी की नियमित प्रशासनिक और संगठनात्मक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं।
हाई कोर्ट से राहत नहीं मिलने के बाद सुप्रीम कोर्ट का रुख
इससे पहले कलकत्ता हाई कोर्ट ने अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया था। इसके बाद कालीघाट तृणमूल ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। अब शीर्ष अदालत ने ईडी से जवाब मांगते हुए मामले की सुनवाई आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है।
आगे क्या होगा?
सुप्रीम कोर्ट में ईडी के जवाब के बाद यह तय होगा कि बैंक खातों पर लगी रोक फिलहाल जारी रहेगी या पार्टी को अंतरिम राहत मिलेगी। इस मामले का फैसला राजनीतिक और कानूनी दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।