नई दिल्ली- आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने E20 ईंधन को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इस मुद्दे पर लगातार विरोध के बावजूद अपने फैसले पर अड़ी हुई है और जनता को भ्रमित करने की कोशिश कर रही है। केजरीवाल ने कहा कि सरकार के अलग-अलग मंत्री अलग-अलग बयान दे रहे हैं, जिससे लोगों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है।
'जनता विरोध कर रही, फिर भी सरकार नहीं मान रही'
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि E20 ईंधन को लेकर देशभर में लोगों की ओर से विरोध सामने आ रहा है, लेकिन इसके बावजूद केंद्र सरकार अपने फैसले से पीछे हटने को तैयार नहीं है। उन्होंने कहा कि उन्हें समझ नहीं आता कि सरकार इस मुद्दे पर इतनी जिद क्यों कर रही है। उनके मुताबिक सरकार लगातार ऐसे दावे कर रही है जो वास्तविकता से मेल नहीं खाते।
वाहन कंपनियों को प्रेस कॉन्फ्रेंस करने का आरोप
केजरीवाल ने दावा किया कि 3 जुलाई को केंद्र सरकार ने देश की प्रमुख वाहन निर्माता कंपनियों के प्रतिनिधियों को बुलाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि इन कंपनियों से कहा गया कि वे प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जनता को भरोसा दिलाएं कि E20 ईंधन पूरी तरह सुरक्षित और उपयोग के लिए उपयुक्त है। उन्होंने कहा कि इस बैठक में मारुति सुजुकी, टोयोटा किर्लोस्कर, हीरो मोटोकॉर्प, हुंडई मोटर, बजाज ऑटो और टीवीएस मोटर जैसी कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल थे।
पेट्रोल पंपों पर सभी विकल्प उपलब्ध कराने की मांग
आप प्रमुख ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील करते हुए कहा कि लोगों को अपनी जरूरत के अनुसार ईंधन चुनने का अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने आग्रह किया कि पेट्रोल पंपों पर E20, E10 और E0 जैसे सभी प्रकार के ईंधन अलग-अलग कीमतों पर उपलब्ध कराए जाएं, ताकि उपभोक्ता अपनी सुविधा और वाहन की जरूरत के अनुसार विकल्प चुन सकें।
केंद्र सरकार पर लगाए भ्रामक दावों के आरोप
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार नई-नई रणनीतियों के जरिए लोगों को E20 ईंधन अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार के अलग-अलग मंत्री अलग-अलग बातें कर रहे हैं, जिससे इस पूरे मुद्दे पर पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।