मुंबई। महाराष्ट्र में खाद्य सुरक्षा को लेकर खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने सख्त कार्रवाई की है। विभाग की जांच में मुंबई समेत राज्य के कई खाद्य प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा से जुड़े नियमों का गंभीर उल्लंघन सामने आया। इसके बाद 13 रेस्टोरेंट और फूड प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं। कार्रवाई की जद में मुंबई के चर्चित प्रतिष्ठान भी आए हैं। इनमें कोलाबा स्थित McDonald’s आउटलेट, बॉम्बे प्रेसिडेंसी रेडियो क्लब और स्टेटस रेस्टोरेंट जैसे नाम शामिल हैं। FDA ने स्पष्ट किया है कि लाइसेंस निलंबन की अवधि में संबंधित प्रतिष्ठान खाद्य पदार्थों का निर्माण, बिक्री या वितरण नहीं कर सकेंगे।
बॉम्बे प्रेसिडेंसी रेडियो क्लब की किचन में मिलीं गंभीर खामियां
FDA अधिकारियों ने 19 अगस्त को मुंबई के बॉम्बे प्रेसिडेंसी रेडियो क्लब में अचानक निरीक्षण किया। जांच के दौरान किचन की स्वच्छता व्यवस्था में कई गंभीर कमियां सामने आईं अधिकारियों के मुताबिक, किचन में बड़ी संख्या में मक्खियां मिलीं। इसके अलावा एक मरा हुआ कॉकरोच और गंदे कॉकरोच ट्रैप भी पाए गए। खाद्य सामग्री रखने वाले क्षेत्रों के पास सफाई के सामान और केमिकल रखे हुए थे, जबकि कुछ खाद्य सामग्री और बर्तन सीधे फर्श पर रखे मिले। इन परिस्थितियों को खाद्य सुरक्षा के लिहाज से गंभीर माना गया, क्योंकि खाद्य पदार्थों के पास कीट नियंत्रण और सफाई व्यवस्था में लापरवाही से खाने के दूषित होने का खतरा बढ़ सकता है।
छत का प्लास्टर उखड़ा, फ्रिज की सफाई पर भी सवाल
निरीक्षण के दौरान किचन की छत का प्लास्टर भी उखड़ा हुआ पाया गया। इससे मलबा सीधे खाद्य पदार्थों में गिरने की आशंका जताई गई। इसके अलावा नॉन-वेज खाद्य सामग्री रखने वाले रेफ्रिजरेटर की सफाई व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं मिली। फ्रोजन खाद्य पदार्थों को सुरक्षित तरीके से डीफ्रॉस्ट करने की उचित व्यवस्था नहीं थी। FDA अधिकारियों ने यह भी पाया कि रेफ्रिजरेटर के तापमान का रिकॉर्ड सही तरीके से दर्ज नहीं किया जा रहा था।
McDonald’s आउटलेट की दोबारा जांच में भी नहीं सुधरीं कमियां
कोलाबा स्थित McDonald’s आउटलेट पर भी FDA ने कार्रवाई की है। विभाग के मुताबिक, पहले निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान को 20 कमियां दूर करने के निर्देश दिए गए थे। लेकिन दोबारा जांच के दौरान इनमें से 18 कमियां अब भी बनी हुई थीं। FDA ने यह भी आरोप लगाया कि प्रतिष्ठान की ओर से जमा कराई गई कंप्लायंस रिपोर्ट में ऐसी जानकारी दी गई, जो जांच में सही नहीं पाई गई। इसके बाद विभाग ने आउटलेट का खाद्य लाइसेंस निलंबित करने का फैसला लिया।
कर्मचारियों की हाइजीन और सफाई व्यवस्था में भी खामी
जांच के दौरान खाद्य पदार्थों के संपर्क में आने वाली जगहों पर गंदे कपड़ों का इस्तेमाल किए जाने की बात भी सामने आई। इसके अलावा कर्मचारियों की व्यक्तिगत स्वच्छता और हाथ साफ करने से जुड़े नियमों के पालन में भी कमियां पाई गईं। FDA के अनुसार, कुछ कर्मचारियों ने सफाई से जुड़ी वस्तुओं को छूने के बाद हाथों को ठीक से साफ किए बिना खाद्य संबंधी काम जारी रखा। किचन और खाद्य पैकेजिंग से जुड़ी कुछ व्यवस्थाएं भी निर्धारित खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं मिलीं।
मुंबई के अलावा इन शहरों में भी कार्रवाई
FDA की कार्रवाई केवल मुंबई तक सीमित नहीं रही। विभाग ने नागपुर, नासिक, अमरावती, छत्रपति संभाजीनगर और परभणी सहित अन्य शहरों के कुछ खाद्य प्रतिष्ठानों के खिलाफ भी कार्रवाई की है। अधिकारियों का कहना है कि खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन नहीं करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ निरीक्षण और कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। लाइसेंस निलंबित होने के बावजूद यदि कोई प्रतिष्ठान खाद्य पदार्थों का निर्माण, बिक्री या वितरण करता पाया गया तो उसके खिलाफ अतिरिक्त कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
FDA ने साफ किया- खाद्य सुरक्षा से समझौता बर्दाश्त नहीं
FDA की इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि विभाग अब खाद्य प्रतिष्ठानों में स्वच्छता और हाइजीन के नियमों को लेकर सख्ती बरत रहा है। रेस्टोरेंट और अन्य खाद्य कारोबारियों को किचन की सफाई, खाद्य सामग्री के सुरक्षित भंडारण, तापमान रिकॉर्ड, कीट नियंत्रण और कर्मचारियों की व्यक्तिगत स्वच्छता जैसे मानकों का पालन करना अनिवार्य है। लाइसेंस निलंबन के बाद संबंधित प्रतिष्ठानों को कमियों को दूर कर नियामकीय आवश्यकताओं को पूरा करना होगा। इसके बाद ही आगे की प्रक्रिया के तहत लाइसेंस संबंधी स्थिति पर फैसला हो सकेगा।
नोट: FDA की जांच में सामने आई कमियों और विभाग की कार्रवाई का विवरण उपलब्ध जानकारी के आधार पर प्रस्तुत किया गया है।