बेंगलुरु: दलीप ट्रॉफी के मुकाबले में ईस्ट जोन की गेंदबाजी में कई बड़े नाम मौजूद थे, लेकिन चर्चा त्रिपुरा के तेज गेंदबाज मणिशंकर मुरासिंह की रही। अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी इस मुकाबले में अपनी चमक नहीं बिखेर सके, जबकि मुरासिंह ने शानदार गेंदबाजी करते हुए पांच विकेट हासिल कर विपक्षी बल्लेबाजी क्रम को बिखेर दिया।
मणिशंकर मुरासिंह ने 5 विकेट लेकर बदला मैच का रुख
त्रिपुरा के तेज गेंदबाज मणिशंकर मुरासिंह ने अपनी सटीक लाइन-लेंथ और अनुशासित गेंदबाजी से बल्लेबाजों को लगातार परेशान किया। उन्होंने पांच विकेट लेकर ईस्ट जोन को मुकाबले में मजबूत स्थिति में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। उनकी शानदार गेंदबाजी के दम पर विपक्षी टीम बड़ा स्कोर खड़ा करने में सफल नहीं हो सकी।
सेंट्रल जोन की पारी 182 रन पर सिमटी
ईस्ट जोन के गेंदबाजों के प्रभावी प्रदर्शन के सामने सेंट्रल जोन की बल्लेबाजी ज्यादा देर तक टिक नहीं सकी। पूरी टीम 182 रन पर सिमट गई। इस दौरान मुरासिंह विपक्षी बल्लेबाजों के लिए सबसे बड़ी चुनौती साबित हुए और एक के बाद एक महत्वपूर्ण विकेट निकालते हुए टीम को सफलता दिलाई।
मोहम्मद शमी की मौजूदगी रही चर्चा में, लेकिन मुरासिंह ने लूटी महफिल
भारतीय क्रिकेट के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ईस्ट जोन की गेंदबाजी आक्रमण का बड़ा नाम थे। हालांकि इस मुकाबले में विकेटों की सबसे बड़ी सफलता मुरासिंह के खाते में गई। ऐसे में मैच के बाद शमी से ज्यादा चर्चा त्रिपुरा के इस तेज गेंदबाज के शानदार पांच विकेटों की होने लगी।
फर्स्ट क्लास क्रिकेट में मुरासिंह का शानदार रिकॉर्ड
मणिशंकर मुरासिंह लंबे समय से घरेलू क्रिकेट में अपनी उपयोगिता साबित करते रहे हैं। यह उनका फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 13वां पांच विकेट लेने का कारनामा था। उनकी निरंतरता और अनुभव ने एक बार फिर साबित किया कि घरेलू क्रिकेट में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की कमी नहीं है।
ईस्ट जोन की बल्लेबाजी की शुरुआत भी रही चुनौतीपूर्ण
गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के बाद जब ईस्ट जोन बल्लेबाजी करने उतरा तो शुरुआत आसान नहीं रही। टीम ने शुरुआती विकेट जल्दी गंवाए और बल्लेबाजों को संभलकर खेलना पड़ा। ऐसे में गेंदबाजी में मिली बढ़त को बल्लेबाजी के जरिए मजबूत करने की चुनौती ईस्ट जोन के सामने रही।
घरेलू क्रिकेट में उभरते खिलाड़ियों के लिए बड़ा संदेश
मुरासिंह का प्रदर्शन उन खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणादायक है, जो घरेलू क्रिकेट के जरिए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाना चाहते हैं। बड़े नामों की मौजूदगी के बीच भी शानदार प्रदर्शन करने वाला खिलाड़ी सुर्खियां बटोर सकता है। दलीप ट्रॉफी में उनका यह पांच विकेट हॉल इसी बात का उदाहरण बनकर सामने आया।