कोलकाता: कोलकाता के जोड़ाबागान थाना क्षेत्र अंतर्गत 24 नंबर काशीनाथ दत्ता स्ट्रीट में सोमवार को एक बेहद जर्जर और पुराना मकान अचानक ढह गया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी और दहशत फैल गई। यह मकान काफी समय से खतरनाक स्थिति में था और स्थानीय लोग पहले से ही इसके गिरने की आशंका जता रहे थे।
छत और दीवार का बड़ा हिस्सा सड़क पर गिरा
घटना के दौरान मकान की छत और दीवार का एक बड़ा हिस्सा अचानक भरभराकर सड़क पर आ गिरा। संकरी गली होने के कारण मलबा पूरे रास्ते में फैल गया, जिससे आवाजाही लगभग पूरी तरह बाधित हो गई। मकान की हालत इतनी खराब थी कि उसके लकड़ी के बीम और सपोर्टिंग खंभे भी पूरी तरह कमजोर हो चुके थे।
चार लोग सुरक्षित निकाले गए, बड़ा हादसा टला
जिस समय यह हादसा हुआ, उस समय मकान के भीतर चार लोग मौजूद थे। राहत और बचाव दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सभी चारों लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। उन्हें फिलहाल पास के ही एक अन्य सुरक्षित घर में शिफ्ट कर दिया गया है। गनीमत रही कि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ।
स्थानीय लोगों का नगर निगम पर गंभीर आरोप
स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया है कि इस जर्जर मकान को लेकर लंबे समय से नगर निगम और स्थानीय पार्षद को शिकायत दी जा रही थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते कदम उठाए जाते तो यह हादसा टाला जा सकता था। अब स्थानीय लोग मांग कर रहे हैं कि मकान के बचे हुए खतरनाक हिस्सों को तुरंत हटाया जाए।
पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई शुरू
घटना की सूचना मिलते ही जोड़ाबागान थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और इलाके को घेराबंदी कर सुरक्षित किया। प्रशासन ने मलबा हटाने का काम शुरू कर दिया है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
बारिश और कमजोर ढांचा बना हादसे की वजह
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, मकान की लंबे समय से कोई मरम्मत या रखरखाव नहीं हुआ था, जिसके चलते यह बेहद कमजोर हो चुका था। हाल के दिनों में कोलकाता में हो रही लगातार बारिश और तेज हवाओं ने इस जर्जर ढांचे को और भी अस्थिर कर दिया, जिससे यह हादसा हुआ।
इलाके में अभी भी बना हुआ है खतरा
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर यह घटना रात के समय होती तो बड़ा जानमाल का नुकसान हो सकता था। फिलहाल इलाके में दहशत का माहौल है और लोग प्रशासन से जल्द से जल्द बाकी जर्जर हिस्सों को हटाने की मांग कर रहे हैं।