कोलकाता: शिक्षक दिवस के मौके पर पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार की प्राथमिकताएं गिनाईं। उन्होंने कहा कि नव-निर्वाचित सरकार को पहली बार शिक्षक दिवस के इस कार्यक्रम का आयोजन करने का अवसर मिला है। उन्होंने कहा कि सरकार बनने के महज चार महीने के भीतर ही कई जटिलताओं और बाधाओं के बीच गरीब लोगों की उम्मीदों और भरोसे को साथ लेकर आगे बढ़ने का प्रयास किया जा रहा है।
शिक्षा के माहौल को बेहतर बनाने पर जोर
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि सरकार का लक्ष्य राज्य में शिक्षा के वातावरण को और बेहतर और सुंदर बनाना है। उन्होंने कहा कि बंगाल की लंबे समय से चली आ रही परंपरा और ऐतिहासिक विरासत को वापस लाने की दिशा में सरकार काम करेगी।
ईश्वरचंद्र विद्यासागर को किया नमन
सुवेंदु अधिकारी ने ईश्वरचंद्र विद्यासागर को नमन करते हुए उन्हें बंगाल के नवजागरण का अग्रदूत बताया। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में विद्यासागर के योगदान को याद किया और कहा कि उन्होंने समाज और शिक्षा को नई दिशा देने का महत्वपूर्ण कार्य किया।
डॉ. राधाकृष्णन को भी किया याद
मुख्यमंत्री ने शिक्षक दिवस के अवसर पर डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन को भी नमन किया। उन्होंने शिक्षा और शिक्षकों के सम्मान की परंपरा को आगे बढ़ाने की बात कही।
बेहतर प्रदर्शन करने वाले स्कूल होंगे सम्मानित
सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि जिन विद्यालयों ने बेहतर प्रदर्शन किया है, उन्हें उनके प्रदर्शन के आधार पर पुरस्कृत और सम्मानित किया जाएगा। इसके साथ ही उन दानदाताओं को भी याद किया जाएगा, जिनके सहयोग से कई विद्यालयों का निर्माण हुआ था। सरकार उनके योगदान को सम्मान देने की दिशा में भी काम करेगी।