छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में हो रही भारी बारिश को देखते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रशासन को पूरी तरह अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने सभी जिला कलेक्टरों को बारिश और संभावित बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखने तथा जरूरत पड़ने पर प्रभावित लोगों को तत्काल राहत और सहायता उपलब्ध कराने को कहा है।मुख्यमंत्री ने कहा कि भारी बारिश के कारण किसी भी क्षेत्र में आवश्यकता उत्पन्न होने पर प्रशासन बिना देरी के जरूरी कदम उठाए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि आम लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो।
नदी-नालों और जलमग्न सड़कों से दूर रहने की अपील
मुख्यमंत्री साय ने प्रदेशवासियों से भारी बारिश के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने लोगों से नदी-नालों, जलप्रपातों और उफनते जलस्रोतों के पास नहीं जाने को कहा है, क्योंकि पानी का बहाव अचानक बढ़ सकता है।उन्होंने जलमग्न पुल-पुलियों और सड़कों को पार करने का प्रयास नहीं करने तथा प्रशासन द्वारा लगाए गए बैरियर और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन करने की अपील की है।
रात में यात्रा से बचें, बिजली के तारों से रहें दूर
भारी बारिश के दौरान बिना आवश्यकता यात्रा नहीं करने की सलाह दी गई है। विशेष रूप से रात के समय लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने को कहा गया है। गिरे हुए बिजली के तारों या किसी अन्य विद्युत खतरे से दूर रहने और इसकी सूचना तत्काल संबंधित विभाग, स्थानीय प्रशासन या पुलिस को देने की अपील की गई है।अभिभावकों से बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने तथा उन्हें अकेले बाहर नहीं जाने देने को कहा गया है।
आपात स्थिति में डायल 112 पर करें संपर्क
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में नागरिक डायल 112 या स्थानीय प्रशासन से तत्काल संपर्क करें। मौसम और राहत से जुड़ी जानकारी के लिए केवल शासन-प्रशासन और अधिकृत स्रोतों से जारी सूचनाओं पर ही भरोसा करने की अपील की गई है।उन्होंने लोगों से अफवाहों और भ्रामक संदेशों को आगे नहीं बढ़ाने तथा जरूरतमंद लोगों की यथासंभव मदद करने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि कठिन परिस्थितियों में सतर्कता, संयम और आपसी सहयोग सबसे महत्वपूर्ण है।