लंदन।ब्रिटेन की राजनीति में भारतीय मूल के युवा तुषार कुमार ने एक नई मिसाल कायम कर दी है। लेबर पार्टी के काउंसिलर तुषार कुमार को हर्टफोर्डशायर स्थित एल्स्ट्री और बोरेहमवुड टाउन का नया मेयर नियुक्त किया गया है। इसके साथ ही वह ब्रिटेन के इतिहास में सबसे कम उम्र के भारतीय मूल के मेयर बन गए हैं। फेयरवे हॉल में आयोजित विशेष “मेयर मेकिंग सेरेमनी” के दौरान उनकी नियुक्ति की औपचारिक घोषणा की गई, जहां स्थानीय नेताओं, समुदाय प्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
बेहद कम उम्र में शुरू किया राजनीतिक सफर
तुषार कुमार ने बहुत कम उम्र में सार्वजनिक जीवन और राजनीति की राह चुन ली थी। वह मात्र 20 वर्ष की उम्र में पहली बार काउंसिलर चुने गए थे, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि मानी गई। इसके बाद उन्होंने डिप्टी मेयर के रूप में भी जिम्मेदारी संभाली और स्थानीय प्रशासन में सक्रिय भूमिका निभाई। राजनीतिक समझ, सामाजिक जुड़ाव और युवाओं के बीच लोकप्रियता ने उन्हें तेजी से आगे बढ़ने में मदद की। विशेषज्ञ मानते हैं कि इतनी कम उम्र में इस स्तर की उपलब्धि हासिल करना ब्रिटेन की राजनीति में असाधारण माना जाता है।
प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय से की राजनीतिक शिक्षा
तुषार कुमार ने लंदन के प्रतिष्ठित किंग्स कॉलेज से पॉलिटिकल साइंस की पढ़ाई की है। राजनीति और सामाजिक सेवा के प्रति उनकी रुचि छात्र जीवन से ही दिखाई देने लगी थी। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपनी मां परवीन रानी को दिया है। तुषार के अनुसार उनकी मां ने उन्हें समाज सेवा और सार्वजनिक जीवन में आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया। यही कारण रहा कि उन्होंने केवल राजनीतिक करियर बनाने के बजाय सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाई।
हिंदी और भारतीय संस्कृति से भी मजबूत जुड़ाव
तुषार कुमार केवल राजनीतिक पहचान तक सीमित नहीं हैं। वह ब्रिटेन में भारतीय भाषा और संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए भी लगातार काम कर रहे हैं। वह ब्रिटिश-भारतीय बच्चों के लिए मुफ्त हिंदी कक्षाएं चलाते हैं, ताकि भारतीय भाषाई और सांस्कृतिक विरासत से युवाओं का जुड़ाव बना रहे। इसके अलावा बोरेहमवुड क्षेत्र में भारतीय स्वतंत्रता दिवस, गणतंत्र दिवस, दिवाली और होली जैसे बड़े सांस्कृतिक आयोजनों में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। भारतीय समुदाय के बीच उनकी लोकप्रियता का यह भी एक बड़ा कारण माना जाता है।
सोशल मीडिया पर साझा किया भावुक संदेश
मेयर बनने के बाद तुषार कुमार ने सोशल मीडिया मंच लिंक्डइन पर एक भावुक संदेश साझा किया। उन्होंने लिखा कि 23 वर्ष की आयु में ब्रिटेन के इतिहास का सबसे युवा भारतीय मूल का मेयर बनना उनके जीवन का सबसे बड़ा सम्मान है। उन्होंने अपने सफर को एक स्थानीय स्वयंसेवक से लेकर मेयर बनने तक की प्रेरणादायक यात्रा बताया। तुषार ने कहा कि उनकी कोशिश हमेशा समाज के हर वर्ग तक पहुंचने और लोगों के विश्वास पर खरा उतरने की रहेगी।
युवाओं और समाज सेवा को बनाया प्राथमिकता
मेयर पद संभालने के बाद तुषार कुमार ने अपनी प्राथमिकताओं को भी स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा कि वह समुदाय के बीच लगातार मौजूद रहकर लोगों की समस्याओं को समझने का प्रयास करेंगे। इसके साथ ही स्थानीय चैरिटी संस्थाओं की सहायता और युवाओं को सार्वजनिक सेवा तथा राजनीति में आगे आने के लिए प्रेरित करना उनकी प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि तुषार कुमार की सफलता दुनिया भर में बसे भारतीय मूल के युवाओं के लिए प्रेरणा का बड़ा स्रोत बन सकती है।