उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा सोमवार को बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज, सागर पहुंचे। उन्होंने बंडा क्षेत्र में अवैध शराब सेवन से प्रभावित मरीजों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली।उन्होंने आईसीयू और क्रिटिकल केयर वार्ड में भर्ती मरीजों के इलाज की स्थिति डॉक्टरों से जानी और अधिकारियों को निर्देश दिए कि उपचार में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपए की सहायता
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा ने अवैध शराब सेवन से जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 4-4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की।देवड़ा ने कहा कि संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है और पूरे मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है।
अवैध शराब के कारोबार पर पूरी तरह रोक लगाने के निर्देश
उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रदेश में अवैध शराब के कारोबार पर पूरी तरह रोक लगाई जाए। उन्होंने कहा कि इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।जिला प्रशासन को सभी शराब दुकानों की जांच कराने, स्टॉक की नियमित निगरानी करने और अवैध शराब के निर्माण, परिवहन तथा बिक्री से जुड़े नेटवर्क की गहन जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।
30 आरोपियों पर कार्रवाई, 13 गिरफ्तार
अधिकारियों ने उप मुख्यमंत्री को बताया कि थाना बंडा में भारतीय न्याय संहिता और मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम, 1915 के विभिन्न प्रावधानों के तहत 30 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।वहीं मामले में अब तक 13 आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी दी गई है। प्रशासन और पुलिस की कार्रवाई आगे भी जारी है।
गंभीर मरीज को भोपाल एम्स भेजा गया
अवैध शराब सेवन से प्रभावित मरीजों के उपचार को लेकर भी उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। बताया गया कि एक गंभीर मरीज को बेहतर उपचार के लिए भोपाल एम्स भेजा गया है।अधिकारियों के अनुसार, अधिकांश मरीजों की स्थिति अब स्थिर है। देवड़ा ने निर्देश दिए कि मरीजों के इलाज में किसी भी तरह की कमी नहीं होनी चाहिए।
24 घंटे उपलब्ध रहे विशेषज्ञ डॉक्टर
उप मुख्यमंत्री ने अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिया कि आवश्यकता के अनुसार विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम 24 घंटे उपलब्ध रहे। साथ ही दवाओं, मेडिकल उपकरणों और अन्य जरूरी चिकित्सा संसाधनों की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।उन्होंने मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत कर उन्हें भरोसा दिलाया कि सरकार इस मुश्किल समय में उनके साथ है।