शंभू बॉर्डर पर किसान और पुलिस कई दिनों से आमने-सामने हैं। पिछले हफ्ते में दो बार टकराव हो चुका है। किसानों को रोकने के लिए पुलिस को बल का प्रयोग करना पड़ रहा है। रविवार को 'दिल्ली चलो' मार्च में भाग लेने वाले 101 किसानों के जत्थे को प्रदर्शनकारियों के बीच बढ़ते तनाव और चोटों के बाद वापस बुला लिया गया। इसी बीच किसानों के प्रदर्शन पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने बड़ा बयान दिया हैं।
किसान मार्च का ढोंग रचा जा रहा
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी किसानों के दिल्ली चलो मार्च को लेकर भड़क गए हैं। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री ने किसानों के मार्च को राजनीति से प्रेरित बताया है। उन्होंने अपने बयान में कहा कि, मार्च का ढोंग रचा जा रहा है और राजनीति की जा रही है। इसके साथ ही हम पार्टी के प्रमुख जीतन राम मांझी ने यहां तक कहा कि, किसानों की स्थिति को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काफी चिंतित हैं। मांझी ने कहा कि, किसानों को उनके उत्पादों का दोगुना फायदा है, MSP को बढ़ाने की बात सरकार ने की है तो फिर आंदोलन किस बात का है ?
5 प्रतिनिधि आकर सरकार से बातचीत करें
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी अपने बयान में कहते हैं कि, राज मंत्री ने कहा है कि, मार्च करने की जरूरत नहीं है। उनके (किसानों के) 5 प्रतिनिधि आकर सरकार से बातचीत करें। सरकार बातचीत करने के लिए तैयार है। ऐसी परिस्थिति में मार्च का ढोंग रचा जा रहा है और राजनीति की जा रही है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि, किसानों की स्थिति को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काफी चिंतित हैं। किसानों को उनके उत्पादों का दोगुना फायदा है, MSP को बढ़ाने की बात उन्होंने की है तो फिर आंदोलन किस बात का है ?
Comments (0)