असम में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है। इस बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा से फोन पर बात कर हालात की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने बताया कि गृह मंत्री ने विशेष रूप से सबसे अधिक प्रभावित धेमाजी जिले की स्थिति के बारे में जानकारी ली और केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।
CM हिमंता सरमा ने जताया आभार
मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा कि उन्होंने गृह मंत्री को राहत और पुनर्वास कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने अमित शाह का धन्यवाद करते हुए कहा कि केंद्र सरकार राज्य को हर आवश्यक सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है।
6 जिलों में 22 हजार से अधिक लोग प्रभावित
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के अनुसार, असम और अरुणाचल प्रदेश में लगातार बारिश के कारण धेमाजी, नलबाड़ी, डिब्रूगढ़, चिरांग, लखीमपुर और कोकराझार सहित छह जिले बाढ़ से प्रभावित हैं। इन जिलों में कुल 22,124 लोग प्रभावित हुए हैं।
धेमाजी सबसे ज्यादा प्रभावित, खेती और पशुधन को भारी नुकसान
धेमाजी जिला सबसे अधिक प्रभावित है, जहां 15,483 लोग बाढ़ की चपेट में हैं। बाढ़ का पानी 96 गांवों में घुस चुका है और करीब 1,690 हेक्टेयर कृषि भूमि जलमग्न हो गई है। इसके अलावा लगभग 48,199 पशु भी बाढ़ से प्रभावित हुए हैं, जिससे किसानों की आजीविका पर बड़ा असर पड़ा है।
रेलवे पुल क्षतिग्रस्त, ट्रेन सेवाएं प्रभावित
भारी बारिश और कटाव के चलते धेमाजी जिले में सिमेन नदी पर बना रेलवे पुल आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया है। इसके बाद नॉर्थईस्ट फ्रंटियर रेलवे ने आर्चीपाथर और सिमेन चपारी स्टेशनों के बीच ट्रेन संचालन अस्थायी रूप से रोक दिया है। अधिकारियों के अनुसार, 110 मिमी से अधिक बारिश के कारण नदी का कटाव बढ़ने से पुल के एक पियर का आधार कमजोर हो गया।
प्रशासन अलर्ट पर, राहत कार्य जारी
प्रशासन प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं पुनर्वास कार्य तेजी से चला रहा है। वहीं मौसम विभाग के लगातार बारिश के पूर्वानुमान को देखते हुए जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें अलर्ट मोड पर हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।