कोलकाता: पश्चिम बंगाल में अवैध कब्जों और अनधिकृत निर्माणों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। हावड़ा रेलवे स्टेशन के बाहर हाल ही में चलाए गए अतिक्रमण हटाओ अभियान के बाद राज्य में इस मुद्दे को लेकर माहौल गर्म हो गया है। कार्रवाई को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज है, जबकि प्रशासन इसे सार्वजनिक जमीन की सुरक्षा और कानून व्यवस्था से जोड़कर देख रहा है।
दिलीप घोष का बयान
भाजपा नेता दिलीप घोष ने इस कार्रवाई का समर्थन करते हुए कहा कि सरकारी जमीन पर किसी भी तरह का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जहां भी अतिक्रमण पाया जाएगा, वहां बुलडोजर कार्रवाई जारी रहेगी।
जनता से नियम पालन की अपील
दिलीप घोष ने लोगों से अपील की कि सभी नागरिक कानून का पालन करें और सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा न करें। उन्होंने यह भी कहा कि जो लोग नियमों के तहत काम कर रहे हैं, उन्हें सरकार पूरा सहयोग देगी।
हावड़ा स्टेशन के बाहर बड़ी कार्रवाई
हावड़ा रेलवे स्टेशन के बाहर फुटपाथ और सार्वजनिक स्थानों पर वर्षों से जमीं अवैध दुकानों और ढांचों को हटाने के लिए बुलडोजर कार्रवाई की गई। इस अभियान के बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है और प्रशासन की निगरानी लगातार जारी है।
अन्य इलाकों में भी कार्रवाई की तैयारी
सूत्रों के मुताबिक, हावड़ा की कार्रवाई के बाद अब कोलकाता और आसपास के क्षेत्रों में भी अवैध कब्जों की पहचान की जा रही है। आने वाले दिनों में कई अन्य जगहों पर भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई देखने को मिल सकती है।
पहले भी हुई थी कार्रवाई
इससे पहले कोलकाता के तिलजला इलाके में एक अवैध चमड़ा फैक्ट्री पर कार्रवाई की गई थी। उस घटना में आग लगने से दो लोगों की मौत हो गई थी, जिसके बाद प्रशासन ने अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान और तेज कर दिया था।