पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य में अवैध रूप से संचालित टोल प्वाइंट्स और ड्रॉप गेट्स के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव मनोज कुमार अग्रवाल ने साफ कहा है कि बिना अनुमति चल रहे सभी टोल बैरिकेड्स और वसूली केंद्रों को तुरंत बंद किया जाए।
अवैध टोल गेट्स हटाने का अभियान
जिला प्रशासन को ऐसे सभी अनधिकृत टोल सेटअप की पहचान कर उन्हें हटाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया है कि भविष्य में ऐसे अवैध केंद्र दोबारा स्थापित न हो सकें।
अनधिकृत वसूली पर पूर्ण रोक
सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसी भी गैर-मान्यता प्राप्त स्थान पर शुल्क या पैसे की वसूली पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
15 मई तक रिपोर्ट जमा करने का आदेश
राज्य के सभी जिलों को वैध और अवैध टोल केंद्रों की विस्तृत सूची तैयार कर 15 मई को दोपहर 12 बजे तक सरकार को सौंपने का निर्देश दिया गया है।