Jaipur: राजस्थान में पिछले तीन दिनों में हीट स्ट्रोक (Heat Stroke In Rajasthan) से हुई मौतों की राजस्थान सरकार ने आधिकारिक पुष्टि कर दी है। राजस्थान सरकार के आपदा प्रबंधन मंत्री डॉ किरोड़ी लाल मीणा ने शुक्रवार को कहा कि प्रदेश में हीट स्ट्रोक से 12 लोगों की मौत हुई है। मंत्री ने इन सभी लोगों के परिजनों को राहत पैकेज देने का ऐलान किया है।
'ये प्राकृतिक आपदा है'
मंत्री डॉ किरोड़ी लाल मीणा ने कहा, 'प्रदेश में गर्मी तेज है। इससे राजस्थान में 12 लोगों की मौत हो गई है। प्रदेशवासियों को आपदा विभाग ने सावधान रहने के निर्देश दे दिए हैं। ये प्राकृतिक आपदा है। मई महीने में इतना टेंपरेचर होता नहीं है, लेकिन ग्लोबल वार्मिंग बड़ा कारण है। विभाग ने नागरिकों को सावधानी बरतने के निर्देश हैं। गाइडलाइंस जारी की गई हैं। लोगों से जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी जा रही है। कोई असवाधानी बरतेगा तो गर्मी का शिकार होगा।'
जयपुर में चल रही बड़ी बैठक
वहीं दूसरी ओर राजधानी जयपुर में हीट वेव (Heat Stroke In Rajasthan) से होने वाली मौतों को लेकर अतिरिक्त मुख्य सचिव शुभ्रा सिंह उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है, जिसमें स्वास्थ्य विभाग के सभी उच्च अधिकारी शामिल हुए हैं। इस बैठक में गर्मी के मौसम से निपटने के लिए स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन को साथ मिलकर जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, मौसमी बीमारियों के लिए अस्पतालों में जरूरी इंतजाम करने के अलावा लोगों के लिए जरूरी दिशानिर्देश जारी करने के लिए भी कहा गया है।
अगले तीन दिन और बढ़ेगा पारा
बताते चलें कि 24 घंटे पहले गर्मी की वजह से मौत का आंकड़ा 9 पर था. इन सभी की मौत बाड़मेर, बालोतरा, जालौर और भीलवाड़ा में हुई थी. यह खबर तब आई है जब राजस्थान का बाड़मेर शहर इस सप्ताह गुरुवार को रिकॉर्ड 48.8 C (119.84 F) के साथ तापमान चार्ट में शीर्ष पर रहा। मौसम अधिकारियों ने राज्य के कई हिस्सों में हीटवेव से लेकर भीषण हीटवेव तक की स्थिति की चेतावनी दी है। आईएमडी ने राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में अगले तीन दिनों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है।