सावन के तीसरे सोमवार और नागपंचमी का विशेष संयोग होने के कारण उत्तरप्रदेश के प्रमुख शिव मंदिरों में सोमवार सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। वाराणसी से लेकर कानपुर और नोएडा तक शिवालयों में भक्त लंबी कतारों में खड़े होकर भगवान शिव का जलाभिषेक कर रहे हैं। मंदिर परिसरों में हर-हर महादेव के जयकारों से माहौल भक्तिमय बना हुआ है।सबसे ज्यादा भीड़ वाराणसी के काशी विश्वनाथ धाम में देखने को मिल रही है, जहां बाबा विश्वनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए करीब 3 किलोमीटर लंबी कतार लगी हुई है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा घाटों से गंगाजल लेकर रात से ही मंदिर की ओर पहुंचने लगे थे।
मंगला आरती के बाद खुले बाबा विश्वनाथ के कपाट
वाराणसी में बाबा विश्वनाथ मंदिर के कपाट सोमवार सुबह करीब 4 बजे मंगला आरती के बाद आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। कपाट खुलते ही भक्तों ने बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक और पूजा-अर्चना शुरू कर दी।सावन सोमवार और नागपंचमी के एक साथ पड़ने के कारण मंदिर में सामान्य दिनों की तुलना में श्रद्धालुओं की संख्या काफी ज्यादा है। भक्तों की लंबी कतार को देखते हुए मंदिर क्षेत्र में सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
गंगा घाटों से लेकर मंदिर तक भक्तों की कतार
बाबा विश्वनाथ के जलाभिषेक के लिए श्रद्धालु बड़ी संख्या में गंगा घाटों पर पहुंचे। भक्तों ने गंगा स्नान और पूजन के बाद गंगाजल लिया और मंदिर की ओर रवाना हुए।कई श्रद्धालु रात 12 बजे से ही जलाभिषेक के लिए कतार में लग गए थे। सोमवार सुबह तक मंदिर क्षेत्र में श्रद्धालुओं की लाइन करीब 3 किलोमीटर तक पहुंच गई। लंबी कतार के बावजूद भक्तों में उत्साह नजर आया और लोग हर-हर महादेव के जयकारे लगाते हुए अपनी बारी का इंतजार करते रहे।
50 हजार फूलों से सजा काशी विश्वनाथ धाम
विशेष पर्व को देखते हुए काशी विश्वनाथ धाम को भव्य तरीके से सजाया गया है। मंदिर की सजावट के लिए करीब 50 हजार फूलों का इस्तेमाल किया गया है।बताया गया है कि फूल कोलकाता से मंगाए गए हैं। सजावट में करीब 3 हजार गेंदे, 1,500 रजनीगंधा और गुलाब व जलबेड़ा की 500-500 मालाओं का इस्तेमाल किया गया है। फूलों से सजे मंदिर परिसर की भव्यता श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।
श्रद्धालुओं पर होगी हेलिकॉप्टर से पुष्प वर्षा
सावन सोमवार और नागपंचमी के इस विशेष अवसर को और खास बनाने के लिए श्रद्धालुओं पर हेलिकॉप्टर से पुष्प वर्षा भी की जाएगी। मंदिर परिसर में उमड़ी भीड़ के बीच पुष्प वर्षा से धार्मिक आयोजन का उत्साह और बढ़ने की उम्मीद है।
कानपुर के आनंदेश्वर मंदिर में रात से ही दर्शन शुरू
कानपुर के प्रसिद्ध आनंदेश्वर मंदिर में भी सावन सोमवार और नागपंचमी को लेकर भक्तों की भारी भीड़ है। यहां सोमवार रात करीब 2 बजे मंगला आरती संपन्न हुई।इसके बाद मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए और भक्तों ने भगवान शिव का जलाभिषेक शुरू किया। सुबह होते-होते मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती गई।
नोएडा के शिव मंदिरों में भी लगी लंबी कतारें
नोएडा के प्रमुख शिव मंदिरों में भी सुबह से श्रद्धालुओं की भीड़ देखने को मिल रही है। वोडा महादेव मंदिर, सर्फाबाद के प्राचीन शिव मंदिर और कलरिया बाबा मंदिर में भक्त भगवान शिव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए कतारों में खड़े नजर आए।मंदिर परिसरों में लगातार हर-हर महादेव और भोलेनाथ के जयकारे गूंज रहे हैं। सावन सोमवार और नागपंचमी के एक साथ आने से इन मंदिरों में भी श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ गई है।
सावन सोमवार और नागपंचमी का विशेष संयोग
इस बार सावन के तीसरे सोमवार के साथ नागपंचमी का पर्व पड़ने से शिव भक्तों के लिए दिन का धार्मिक महत्व और बढ़ गया है। इसी वजह से उत्तरप्रदेश के प्रमुख शिवालयों में सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और जलाभिषेक के लिए पहुंचे हैं।वाराणसी में जहां गंगा घाटों से लेकर काशी विश्वनाथ धाम तक आस्था का सैलाब दिखाई दे रहा है, वहीं कानपुर और नोएडा के मंदिर भी भक्तों से भरे हुए हैं।