मंगलकोट (पूर्व बर्धमान): पश्चिम बंगाल के पूर्व बर्धमान जिले के मंगलकोट में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर कथित ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि जन स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (PHE) में पंप ऑपरेटर की नौकरी दिलाने का भरोसा देकर एक BJP नेता ने पार्टी से जुड़े ही एक परिवार से ₹2 लाख लिए। नौकरी नहीं मिलने और रकम वापस न किए जाने के बाद पीड़ित पक्ष ने मंगलकोट थाने में शिकायत दर्ज कराई। मामले में एक और राजनीतिक पहलू सामने आया है। शिकायतकर्ता परिवार BJP से जुड़ा बताया जा रहा है, जबकि आरोपी भी पार्टी का स्थानीय नेता है। शिकायत सामने आने के बाद स्थानीय BJP नेतृत्व ने आरोपी को पार्टी की जिम्मेदारियों से निलंबित करने की बात कही है।
पंप ऑपरेटर की नौकरी का दिया था कथित भरोसा
शिकायतकर्ता एलिस चट्टोराज के मुताबिक, उनके पिता BJP के स्थानीय बूथ अध्यक्ष हैं। आरोप है कि माझीग्राम इलाके में BJP के ग्राम संयोजक के तौर पर सक्रिय सौमेन मुखोपाध्याय ने परिवार से संपर्क किया और PHE विभाग में वाटर सप्लाई पंप ऑपरेटर की नौकरी दिलाने का दावा किया। आरोप के मुताबिक, नौकरी की प्रक्रिया पूरी कराने के बदले ₹2 लाख की मांग की गई थी। पार्टी से जुड़े व्यक्ति पर भरोसा करते हुए परिवार ने वर्ष 2025 में दो किस्तों में रकम ऑनलाइन माध्यम से कथित तौर पर सौमेन मुखोपाध्याय के बैंक खाते में भेजी। हालांकि, निर्धारित समय के भीतर नौकरी नहीं मिली।
महीनों तक टलता रहा मामला, रकम वापस मांगने पर भी नहीं मिला पैसा
परिवार का आरोप है कि शुरुआत में जल्द नियुक्ति होने का भरोसा दिया गया था, लेकिन समय बीतने के बावजूद न तो नियुक्ति पत्र मिला और न ही नौकरी से जुड़ी कोई ठोस जानकारी दी गई। शिकायतकर्ता पक्ष के अनुसार, संपर्क करने पर उन्हें लगातार प्रक्रिया चलने और जल्द काम पूरा होने का आश्वासन दिया जाता रहा। बाद में जब परिवार ने अपनी रकम वापस मांगी तो कथित तौर पर जवाब मिलना भी बंद हो गया। इसके बाद एलिस चट्टोराज ने मंगलकोट थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में नौकरी दिलाने के नाम पर पैसे लेने और कथित धोखाधड़ी के आरोप लगाए गए हैं।
BJP ने आरोपी नेता को किया निलंबित
मामला सामने आने के बाद मंगलकोट नंबर-3 मंडल BJP नेतृत्व ने सौमेन मुखोपाध्याय के खिलाफ संगठनात्मक कार्रवाई की। मंडल अध्यक्ष मंदिरा चट्टोराज ने कहा कि पार्टी भ्रष्टाचार या आर्थिक अनियमितता के आरोपों को गंभीरता से लेती है। उन्होंने कहा कि आरोपी को पार्टी की जिम्मेदारियों और प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच करने की बात कही गई है। हालांकि, आरोपी को दोषी ठहराने से पहले पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होना जरूरी है। फिलहाल उसके खिलाफ लगाए गए आरोप जांच के दायरे में हैं।
आरोपी ने मीडिया के सवालों पर नहीं दिया जवाब
पूरे मामले पर आरोपी सौमेन मुखोपाध्याय का पक्ष जानने के लिए संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने मीडिया के सामने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। ऐसे में मामले में आरोपी का पक्ष अभी सामने नहीं आया है। पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि शिकायत में लगाए गए आरोप कितने सही हैं और रकम किस उद्देश्य से ली गई थी।
बैंक ट्रांजैक्शन की जांच कर रही पुलिस
मंगलकोट थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है। पुलिस कथित तौर पर बैंक खाते में हुए लेनदेन, भुगतान से जुड़े दस्तावेज और उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है। जांच का एक अहम पहलू यह भी है कि क्या इस मामले में केवल एक व्यक्ति से रकम ली गई थी या फिर नौकरी दिलाने के नाम पर अन्य लोगों से भी पैसे लिए गए। पुलिस इसी दिशा में भी जानकारी जुटा रही है।