कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले चुनाव आयोग (ECI) ने अवैध धन और प्रलोभनों पर कड़ी कार्रवाई तेज कर दी है। आयोग के अनुसार, 22 मार्च तक विभिन्न प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा कैश, शराब, नशीले पदार्थों और कीमती धातुओं सहित कुल 181.31 करोड़ रुपये की ज़ब्ती की जा चुकी है। वहीं अब तक कुल नकद ज़ब्ती 282.33 लाख रुपये दर्ज की गई है।
अवैध प्रलोभनों पर आयोग की सख्ती
चुनाव आयोग ने कहा कि चुनाव घोषणा के बाद से धनबल और अवैध प्रलोभनों के इस्तेमाल को रोकने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। आयोग ने जनरल और पुलिस ऑब्ज़र्वरों, जिला चुनाव अधिकारियों, रिटर्निंग अधिकारियों, DGP से लेकर थानों के SHO स्तर तक सभी अधिकारियों को कड़ी निगरानी रखने और किसी भी राजनीतिक दल से जुड़े उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। आयोग ने स्पष्ट किया कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव में बाधा डालने वाले किसी भी प्रयास के खिलाफ ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाई जाएगी।
नाका चेकिंग में भारी मात्रा में नशीले पदार्थ बरामद
कड़ी निगरानी के तहत कूच बिहार जिले के पातलखावा इलाके में नाका चेकिंग के दौरान दो बसों से 5.8 किलोग्राम नशीले पदार्थ और टैबलेट के रूप में 2.7 किलोग्राम प्रतिबंधित दवाएं बरामद की गईं। यह कार्रवाई ड्यूटी पर तैनात CRPF की सूचना के आधार पर की गई। आयोग ने बताया कि बरामद दवाओं की कीमत का आकलन बाद में जारी किया जाएगा।
राज्यभर में निगरानी टीमों की तैनाती
चुनाव आयोग ने जानकारी दी कि फिलहाल राज्य में 1,879 फ्लाइंग स्क्वाड टीमें सक्रिय हैं, जबकि विभिन्न चेकपॉइंट्स पर 2,235 स्टैटिक सर्विलांस टीमें तैनात की गई हैं। मुर्शिदाबाद और कांडी क्षेत्रों में हथियारों के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
आचार संहिता के उल्लंघन पर कार्रवाई
आयोग ने बताया कि मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट (MCC) के सख्त पालन के तहत अब तक सरकारी और निजी स्थानों से कुल 3,58,986 राजनीतिक विज्ञापन हटाए गए हैं। इनमें 3,11,829 विज्ञापन सरकारी संपत्तियों से और 19,901 निजी स्थानों से हटाए गए।
निष्पक्ष चुनाव पर आयोग का जोर
चुनाव आयोग ने दोहराया कि स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और मतदाताओं को डराने, धमकाने या चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।