नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को महत्वपूर्ण सुनवाई हुई। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ ने मामले पर विचार किया।
चुनावी प्रक्रिया के दौरान सुरक्षा पर जोर
सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया पूरी होने तक संबंधित अधिकारियों की सुरक्षा और सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है। अदालत ने इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन को सतर्क रहने के संकेत दिए।
मालदा घटना पर कोर्ट की चिंता
मालदा जिले में न्यायिक अधिकारियों के घेराव से जुड़े मामले पर भी सुप्रीम कोर्ट ने चिंता जताई। अदालत ने कहा कि ऐसी घटनाएं कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करती हैं और इन्हें गंभीरता से देखा जाना चाहिए।
पिछली सुनवाई का संदर्भ
6 अप्रैल की पिछली सुनवाई में कोर्ट ने राज्य के मुख्य सचिव की अनुपलब्धता पर सवाल उठाए थे। अदालत ने प्रशासनिक समन्वय और संपर्क व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई थी।
प्रशासन को जवाबदेही का संदेश
कोर्ट ने स्पष्ट किया कि चुनावी प्रक्रिया के दौरान सभी प्रशासनिक अधिकारियों को पूरी तरह सक्रिय और संपर्क में रहना चाहिए, ताकि किसी भी स्थिति में त्वरित कार्रवाई संभव हो सके।