आज के डिजिटल दौर में ईमेल सिर्फ मैसेज भेजने का जरिया नहीं, बल्कि बैंकिंग, सोशल मीडिया और निजी डेटा की सुरक्षा की कुंजी भी बन चुका है। ऐसे में पासवर्ड को लंबे समय तक बिना बदले रखना बड़ा जोखिम बन सकता है। साइबर एक्सपर्ट्स के अनुसार, सही समय पर पासवर्ड अपडेट करना आपकी ऑनलाइन सुरक्षा की पहली ढाल है और इससे आपके अकाउंट को हैक होने के खतरे से काफी हद तक बचाया जा सकता है।
कितनी बार बदलना चाहिए पासवर्ड?
सुरक्षा के लिहाज से हर 3 से 6 महीने में पासवर्ड बदलना एक अच्छी आदत मानी जाती है। इसके अलावा अगर आपको कभी यह महसूस हो कि आपके अकाउंट तक किसी अनजान व्यक्ति की पहुंच हो सकती है, या फिर आपने किसी असुरक्षित नेटवर्क पर लॉगिन किया है, तो तुरंत पासवर्ड बदल लेना चाहिए। डेटा लीक जैसी घटनाओं के बाद भी पासवर्ड अपडेट करना बेहद जरूरी होता है।
कैसा होना चाहिए मजबूत पासवर्ड?
एक मजबूत पासवर्ड ऐसा होना चाहिए जिसे आसानी से कोई अंदाजा न लगा सके। इसमें बड़े और छोटे अक्षरों के साथ नंबर और विशेष चिन्ह शामिल होने चाहिए। पासवर्ड कम से कम 12 अक्षरों का होना चाहिए ताकि उसकी सुरक्षा मजबूत रहे। साथ ही, नाम, जन्मतिथि या मोबाइल नंबर जैसी आसान जानकारी को पासवर्ड में शामिल करने से बचना चाहिए। अलग-अलग अकाउंट के लिए अलग पासवर्ड रखना भी जरूरी है।
सुरक्षा बढ़ाने के स्मार्ट तरीके
डिजिटल सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए टू-स्टेप ऑथेंटिकेशन (2FA) का इस्तेमाल बेहद कारगर माना जाता है। इससे पासवर्ड के अलावा एक अतिरिक्त सुरक्षा परत मिलती है। इसके अलावा पासवर्ड मैनेजर का इस्तेमाल करके आप अपने सभी पासवर्ड सुरक्षित तरीके से संभाल सकते हैं। नए लॉगिन की जानकारी देने वाले अलर्ट भी चालू रखने चाहिए, ताकि किसी संदिग्ध गतिविधि का तुरंत पता चल सके।
इन गलतियों से जरूर बचें
अक्सर लोग आसान पासवर्ड जैसे ‘123456’ या ‘password’ का इस्तेमाल कर लेते हैं, जो सबसे बड़ी गलती है। पासवर्ड किसी के साथ साझा करना भी जोखिम भरा होता है, चाहे सामने वाला खुद को किसी संस्था का अधिकारी ही क्यों न बताए। नया पासवर्ड बनाते समय पुराने से मिलता-जुलता पासवर्ड रखना भी सुरक्षा को कमजोर कर सकता है। साथ ही पासवर्ड को खुले में लिखकर रखना या किसी असुरक्षित जगह सेव करना भी खतरे को बढ़ाता है।