CG NEWS : रायपुर। खाद्यान्न योजना में अनियमितता पर गुरुवार को विधानसभा में जमकर बहस हुई। खाद्य मंत्री अमरजीत भगत ने सदन में कहा कि केन्द्र सरकार की टीम ने खाद्यान्न योजना में अनियमितता की शिकायत को निराधार पाया है।साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को बदनाम करने के लिए पूर्व सीएम केन्द्र को चिट्ठी लिखते हैं। इस पूरे मामले में खाद्य मंत्री के जवाब से असंतुष्ट होकर भाजपा के सदस्यों ने सदन से वाकऑउट कर दिया।
सितंबर 2022 के बचत स्टॉक के सत्यापन उपरांत स्टॉक
प्रश्नकाल में पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह की अनुपस्थिति में भाजपा सदस्य डॉ. सौरभ सिंह ने सवाल पूछे। खाद्य मंत्री भगत ने कहा कि उचित मूल्य दूकानों के सितंबर 2022 के बचत स्टॉक के सत्यापन उपरांत स्टॉक वितरण में अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों के खिलाफ कार्रवाई का मंत्री ने विधानसभा के बजट सत्र में आश्वासन दिया था। उन्होंने कहा कि राशन दुकानों के बजट स्टॉक के सत्यापन के संबंध में बिलासपुर हाईकोर्ट ने 34 याचिकाएं दायर हुई है। जिसमें अंतिम न्यायालयीन निर्णय के बाद स्टॉक वितरण में अनियमितता की सही मात्रा, और दोषी व्यक्तियों की अंतिम संख्या का निर्धारण संभव हो सकेगा।
राशन घोटाला हुआ :नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल
इस दौरान भाजपा सदस्य डॉ. सौरभ सिंह ने कार्रवाई की जानकारी चाही। इस पर खाद्य मंत्री ने कहा कि पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह ने घोटाले का आरोप लगाकर केन्द्र सरकार को चिट्ठी लिखी थी। जांच के लिए टीम भी आई थी, और इस शिकायत को निराधार पाया। भाजपा सदस्य इस जवाब से संतुष्ट नहीं हुए। भाजपा सदस्य डॉ. सौरभ सिंह ने कहा कि अतिरिक्त आबंटन के लिए ऑनलाइन परमिशन दी गई थी। संबंधितों के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई? नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल ने आरोप लगाया कि करीब 5 हजार करोड़ का राशन घोटाला हुआ है। उन्होंने पूरे मामले में कार्रवाई का ब्यौरा मांगा। इस पूरे मामले में खाद्य मंत्री के जवाब से विपक्षी सदस्य संतुष्ट नहीं हुए, और नारेबाजी करते हुए सदन से वाकऑउट कर दिया।
Read More: CG Assembly Monsoon Session : राजधानी की सड़कें हुई जर्जर, रायपुर गड्ढों का शहर हो गया: बृजमोहन अग्रवाल है
Comments (0)