मध्यप्रदेश के सभी 413 नगरीय निकायों में अब निजी या सरकारी जमीन पर पेड़ काटने की अनुमति जिला प्रशासन या नगर निगम के अधिकारियों से नहीं मिलेगी। राज्य सरकार ने यह अधिकार नगरीय और जिला प्रशासन के अधिकारियों से छीनकर वन विभाग के अधिकारियों को सौंप दिया है।
पेड़ काटने और छंटाई की अनुमति अब वन विभाग से
प्रदेश में कहीं भी पेड़ काटने या छंटाई की अनुमति लेने के लिए वन विभाग के वन परिक्षेत्र अधिकारी (फॉरेस्ट रेंजर) से संपर्क करना होगा। यदि रेंजर अनुमति नहीं देता है, तो अपील उप वनमंडल अधिकारी (एसडीओ फॉरेस्ट) के पास की जा सकती है।
कानूनी अधिसूचना और अधिकार
राज्य सरकार ने मप्र वृक्षों का परिरक्षण (नगरीय क्षेत्र) अधिनियम, 2001 की धारा-4 और धारा-9 के तहत फॉरेस्ट रेंजर को ट्री-ऑफिसर और उप वनमंडल अधिकारी (एसडीओ) को अपीलीय अधिकारी के रूप में अधिसूचित किया है। इस संबंध में नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने गजट नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया है।
हाईकोर्ट का आदेश
दो महीने पहले मप्र हाई कोर्ट, इंदौर खंडपीठ ने जनहित याचिका पर आदेश दिया था कि जिला कलेक्टरों को ट्री-ऑफिसर नियुक्त करने का अधिकार नहीं है। यह अधिकार केवल राज्य सरकार के पास है।
हाईकोर्ट ने इसी याचिका में प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा इंदौर के एमओजी लाइंस प्रोजेक्ट में हरे-भरे पेड़ों को काटने की अनुमति रद्द की थी और राज्य सरकार को निर्देश दिया था कि वन सेवा अधिकारियों को ही ट्री-ऑफिसर के रूप में नियुक्त किया जाए।