कटहल को फलों का राजा भी कहा जाता है और आयुर्वेद से लेकर आधुनिक पोषण विज्ञान तक इसकी खूबियां बताई गई हैं। इसमें विटामिन, खनिज, फाइबर, प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट और फाइटोन्यूट्रिएंट्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। शहरों में कई लोग इसके आकार और गंध की वजह से इसे खाने से बचते हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार यह शरीर को कई जरूरी पोषक तत्व प्रदान करता है और संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए लाभकारी माना जाता है।
थायराइड स्वास्थ्य में मददगार माना जाता है यह फल
रिपोर्ट्स के अनुसार कटहल में पाया जाने वाला तांबा यानी कॉपर थायराइड मेटाबॉलिज्म को संतुलित रखने में मदद करता है। यह शरीर में हार्मोन निर्माण और उनके अवशोषण की प्रक्रिया को भी सहयोग देता है। इसके अलावा कटहल में पोटैशियम, मैग्नीशियम, विटामिन ए और विटामिन सी भी पाए जाते हैं, जो शरीर की प्रतिरोधक क्षमता और ऊर्जा संतुलन बनाए रखने में मददगार होते हैं। हालांकि विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि जो लोग पहले से थायराइड की दवा ले रहे हैं, उन्हें इसे नियमित डाइट में शामिल करने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर लेनी चाहिए।
पाचन तंत्र को मजबूत बनाने में भी उपयोगी
कटहल में मौजूद फाइबर पाचन तंत्र को बेहतर बनाने में सहायक माना जाता है। इसका सेवन कब्ज, अपच और पेट से जुड़ी कई सामान्य समस्याओं को कम करने में मदद कर सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार नियमित मात्रा में कटहल खाने से आंतों की कार्यक्षमता बेहतर होती है और शरीर से विषैले तत्व बाहर निकालने में भी सहायता मिलती है। यही कारण है कि इसे गर्मियों में पाचन के लिए उपयोगी फल माना जाता है।
कटहल के बीज भी हैं बेहद पौष्टिक
अधिकांश लोग कटहल खाने के बाद उसके बीज फेंक देते हैं, जबकि पोषण विशेषज्ञ इन्हें भी बेहद फायदेमंद मानते हैं। कटहल के बीज प्रोटीन और कई जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं। इनके सेवन से शरीर को ऊर्जा मिलती है और मांसपेशियों को मजबूती मिल सकती है। पारंपरिक भारतीय खानपान में कटहल के बीजों का उपयोग सब्जी और अन्य व्यंजनों में लंबे समय से किया जाता रहा है।
त्वचा, हड्डियों और दिल के लिए भी फायदेमंद
कटहल और उसके बीजों को त्वचा स्वास्थ्य के लिए भी उपयोगी माना जाता है। इनमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट तत्व झुर्रियों और त्वचा संबंधी समस्याओं को कम करने में मदद कर सकते हैं। इसके अलावा यह ब्लड प्रेशर नियंत्रण, हड्डियों की मजबूती और हृदय स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी माना जाता है। विशेषज्ञों के अनुसार इसमें मौजूद पोषक तत्व शरीर को संक्रमण और कमजोरी से बचाने में भी सहायक हो सकते हैं।
कई बीमारियों के जोखिम को कम करने में सहायक
कटहल को पारंपरिक रूप से शुगर नियंत्रण, आंखों की रोशनी बेहतर रखने और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाले फल के रूप में भी देखा जाता है। कुछ अध्ययनों में इसे कोलन स्वास्थ्य, एनीमिया और हड्डियों के क्षरण जैसी समस्याओं में सहायक बताया गया है। हालांकि स्वास्थ्य विशेषज्ञ यह भी सलाह देते हैं कि किसी भी फल या घरेलू उपाय को बीमारी का पूर्ण इलाज मानने के बजाय संतुलित आहार और चिकित्सकीय सलाह के साथ ही अपनाना चाहिए।