जिनेवा/स्विट्जरलैंड: कोरोना महामारी के जख्म अभी पूरी तरह भरे भी नहीं थे कि 'हंटावायरस' (Hantavirus) ने दुनिया की चिंता बढ़ा दी है। हाल ही में अर्जेंटीना से रवाना हुए एक मालवाहक जहाज 'एमवी होंडियास' (MV Hondias) पर हंटावायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है। इस घातक वायरस की चपेट में आने से अब तक 3 यात्रियों की मौत हो चुकी है, जिसके बाद वैश्विक स्तर पर हड़कंप मच गया है।
WHO ने क्या कहा? क्या फिर लगेगा लॉकडाउन?
बढ़ते डर के बीच विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने स्पष्ट किया है कि घबराने की जरूरत नहीं है। WHO के मुताबिक, यह कोई नया वायरस नहीं है और इसके कोविड-19 की तरह 'पैंडेमिक' (महामारी) बनने की आशंका न के बराबर है। स्वास्थ्य संगठन ने कहा, "हंटावायरस कोरोना की तरह तेजी से नहीं फैलता है। वर्तमान स्थिति को वैश्विक महामारी के रूप में देखने का कोई कारण नहीं है।"
जहाज पर कैसे फैला संक्रमण?
रिपोर्ट के अनुसार, इस जहाज पर कुल 8 संदिग्ध मामले सामने आए थे, जिनमें से 5 में संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है। विशेषज्ञों का कहना है कि हंटावायरस आमतौर पर संक्रमित चूहों की लार, मूत्र या मल के संपर्क में आने से इंसानों में फैलता है। डच डॉक्टरों और यूरोपियन सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल की एक विशेषज्ञ टीम जहाज पर पहुंच चुकी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि समुद्र के बीच जहाज पर यह वायरस कैसे पहुंचा।
12 देश हाई अलर्ट पर
इस घटना के बाद अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, जर्मनी, नीदरलैंड, स्विट्जरलैंड, सिंगापुर और तुर्की सहित कुल 12 देशों को सतर्क कर दिया गया है। इन देशों के नागरिक उस जहाज पर सवार थे, इसलिए उन्हें विशेष निगरानी में रखा जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि हंटावायरस के लक्षण दिखने में 6 हफ्ते तक का समय लग सकता है, इसलिए अगले कुछ सप्ताह बेहद चुनौतीपूर्ण होने वाले हैं।