हॉर्मुज जलडमरूमध्य में एक बार फिर हालात तनावपूर्ण हो गए हैं। मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच ईरान ने शनिवार को इस अहम समुद्री रास्ते को दोबारा बंद कर दिया, जिससे वैश्विक स्तर पर चिंता बढ़ गई है।
ईरान ने पहले इस रास्ते को खोलने का संकेत दिया था, लेकिन अब अचानक सैन्य नियंत्रण फिर से लागू कर दिया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यहां से गुजर रहे कम से कम दो जहाजों पर गोलीबारी हुई है, जिससे समुद्री सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। कई जहाज बीच रास्ते से ही वापस लौट गए हैं।
ईरान का सख्त रुख
ईरान की सेना से जुड़े संगठन Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने साफ कर दिया है कि जब तक अमेरिका ईरानी जहाजों पर लगी पाबंदियां नहीं हटाता, तब तक यह रास्ता बंद रहेगा। अब इस क्षेत्र से गुजरने वाले हर कमर्शियल जहाज को IRGC की अनुमति लेनी होगी। इस फैसले का सीधा असर पूरी दुनिया पर पड़ रहा है।
रोजाना 1 करोड़ बैरल से ज्यादा तेल सप्लाई प्रभावित
वैश्विक गैस सप्लाई में करीब 20% की गिरावट
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी की आशंका
विशेषज्ञ इसे हाल के समय का सबसे बड़ा ऊर्जा संकट मान रहे हैं।
क्यों अहम है हॉर्मुज?
हॉर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में से एक है। खाड़ी देशों से निकलने वाला अधिकांश कच्चा तेल इसी रास्ते से होकर दुनिया तक पहुंचता है। ऐसे में यहां तनाव का मतलब सीधे-सीधे ग्लोबल इकॉनमी पर असर।
अमेरिका-ईरान टकराव और बढ़ा
ईरान ने अमेरिका पर “समुद्री लूट” और जहाजों को रोकने का आरोप लगाया है, जबकि जवाब में वह खुद भी अन्य देशों के जहाजों पर नियंत्रण बढ़ा रहा है। इस टकराव ने मिडिल ईस्ट में अस्थिरता को और बढ़ा दिया है।
क्या है खतरा?
अगर हालात जल्द नहीं सुधरे, तो वैश्विक व्यापार बाधित हो सकता है,ऊर्जा संकट गहराएगा,अंतरराष्ट्रीय तनाव और बढ़ सकता है कुल मिलाकर, हॉर्मुज में बढ़ता तनाव सिर्फ क्षेत्रीय मुद्दा नहीं, बल्कि पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था और ऊर्जा सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बनता जा रहा है।