भोपाल: मध्य प्रदेश में प्री-मानसून एक्टिविटी के चलते मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। सोमवार को उज्जैन, सीहोर, टीकमगढ़, बैतूल, गुना और शिवपुरी समेत कई जिलों में कहीं तेज आंधी तो कहीं झमाझम बारिश देखने को मिली। वहीं इंदौर, देवास और महू में धूल भरी आंधी ने लोगों को परेशान कर दिया।
उज्जैन-टीकमगढ़ में बारिश, सीहोर में ओले गिरे
उज्जैन और टीकमगढ़ में सुबह से ही तेज हवाओं के साथ बारिश का दौर जारी रहा। टीकमगढ़ में सुबह करीब साढ़े 10 बजे तेज हवा के बाद बारिश शुरू हो गई। वहीं गुना में करीब 10 मिनट तक तेज बारिश दर्ज की गई। सीहोर में दोपहर तक रुक-रुककर बारिश होती रही, जहां अमलाहा-सोंडा क्षेत्र में ओले गिरने की भी सूचना मिली।
कई जिलों में तेज हवाएं और बिजली संकट
बैतूल, राजगढ़ और शाजापुर में भी तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। शाजापुर के अकोदिया में कुछ देर बूंदाबांदी दर्ज की गई। सीहोर के चाणक्यपुरी इलाके में बिजली की डीपी से करंट लगने से दो बकरियों की मौत हो गई, जिससे स्थानीय लोगों में चिंता का माहौल बन गया।
आंधी से जनजीवन प्रभावित, पेड़ और टावर गिरे
शाजापुर के मक्सी क्षेत्र के सिरोलिया गांव में बीएसएनएल का टावर झुक गया, जबकि शाजापुर-बेरछा रोड पर पेड़ गिरने से यातायात प्रभावित हुआ। कई इलाकों में बिजली आपूर्ति भी बाधित रही, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
मानसून में देरी की संभावना
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस बार मानसून केरल में देर से पहुंच रहा है, जिसके चलते मध्य प्रदेश में भी इसके आगमन में लगभग एक सप्ताह की देरी हो सकती है। प्रदेश में मानसून 20 से 22 जून के बीच दस्तक दे सकता है।