मुम्बई. कॉकरोच जनता पार्टी ने नए आंदोलन की तारीख तय कर दी है। सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने सोमवार को खुद इसकी घोषणा की। उन्होंने कहा कि आगामी 02-10-2026 से सीजेपी मुंबई में जेल भरो आंदोलन शुरू करने जा रही है। हालांकि उन्हें इसकी इजाजत नहीं मिली है। इससे पहले सीजेपी ने देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग को लेकर 02-10-2026 से विरोध प्रदर्शन शुरू करने की घोषणा की थी। मुंबई पुलिस ने इसकी अनुमति नहीं दी थी। झटके के बाद भी दीपके अपने आंदोलन पर अड़े हुए हैं।
पहले के विरोध प्रदर्शन की योजना
इससे पहले चुनाव आयुक्तों द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त के फैसलों पर कई बार आपत्ति जताने की खबरें सामने आने के बाद सीजेपी ने जंतर मंतर 2.0 की चेतावनी दी थी। बीते गुरुवार को सीजेपी ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करते हुए चेतावनी दी कि अगर वह 48 घंटे के भीतर पद से नहीं हटते हैं तो जंतर-मंतर 2.0 समेत राष्ट्रव्यापी आंदोलन किया जाएगा। दीपके ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाया कि चुनावी प्रक्रिया में धांधली की गई है और नागरिकों से मतदान का अधिकार छीना जा रहा है। उन्होंने राष्ट्रव्यापी आंदोलन की बात कही थी।
मुंबई पुलिस ने नहीं दी अनुमति
मुंबई पुलिस ने बीते रविवार को सीजेपी को 02-10-2026 को शिवाजी पार्क में विरोध प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया। पुलिस ने हाईकोर्ट के निर्देशों नगर निकाय की इजाजत न होने और ट्रैफिक में बाधा का हवाला देते हुए प्रदर्शन की इजाजत नहीं दी। एक अधिकारी ने बताया कि उच्च न्यायालय के मौजूदा आदेशों और राज्य सरकार के दिशानिर्देशों के तहत पुलिस विभाग को इस मैदान में सार्वजनिक सभाओं की अनुमति देने का अधिकार नहीं है। अनुमति न मिलने के बाद भी संगठन ने नया आंदोलन शुरू करने का फैसला लिया है।
ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
अभिजीत दीपके ने कहा था कि अगर ज्ञानेश कुमार 48 घंटे के भीतर इस्तीफा नहीं देते हैं तो हम दिल्ली में विरोध प्रदर्शन करने से पहले एक राष्ट्रव्यापी आंदोलन शुरू करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि अगर मुख्य चुनाव आयुक्त इस्तीफा नहीं देते हैं तो जंतर-मंतर 2.0 निश्चित रूप से होगा। सीजेपी मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग पर अड़ी हुई है। चुनावी प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों को लेकर संगठन ने आवाज उठाई है। अनुमति न मिलने के बाद अब जेल भरो आंदोलन का नया रूप अपनाया जा रहा है।
चुनावी प्रक्रिया पर आरोप
दीपके ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाया कि चुनावी प्रक्रिया में धांधली की गई है। नागरिकों से मतदान का अधिकार छीना जा रहा है। सीजेपी का कहना है कि चुनाव आयुक्तों के बीच मतभेद और फैसलों पर आपत्तियां सामने आने के बाद स्थिति गंभीर हो गई है। संगठन ने मुख्य चुनाव आयुक्त के पद से हटने की मांग को लेकर चेतावनी दी थी। अब अनुमति न मिलने के बावजूद आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया गया है। यह पूरा मामला चुनावी व्यवस्था पर सवाल उठाने वाला बन गया है।
आगे की रणनीति
अभिजीत दीपके ने साफ कर दिया है कि अनुमति न मिलने के बावजूद 02-10-2026 से मुंबई में जेल भरो आंदोलन शुरू किया जाएगा। संगठन अपने समर्थकों के साथ इस आंदोलन को आगे बढ़ाने की तैयारी में है। पहले विरोध प्रदर्शन की योजना शिवाजी पार्क में थी लेकिन पुलिस ने मना कर दिया। अब जेल भरो आंदोलन के जरिए अपनी मांगें उठाने का फैसला लिया गया है। सीजेपी का दावा है कि वे लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठा रहे हैं। आगे की कार्रवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।