नई दिल्ली. देश के विभिन्न हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता दिखाई दे रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने ताजा पूर्वानुमान जारी करते हुए कई राज्यों के लिए जिलेवार मौसम चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार अगले दो से तीन घंटों के दौरान अनेक क्षेत्रों में तेज आंधी, गरज-चमक, आकाशीय बिजली, भारी वर्षा और तेज हवाओं का प्रभाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने नागरिकों से सतर्कता बरतने, अनावश्यक यात्रा से बचने तथा स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है। विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून की सक्रियता के कारण कुछ क्षेत्रों में अल्प अवधि में अत्यधिक वर्षा होने की संभावना बनी हुई है।
पंजाब के कुछ हिस्सों में रेड अलर्ट, अत्यधिक सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने पंजाब के पटियाला जिले के लिए रेड अलर्ट जारी करते हुए अत्यंत खराब मौसम की आशंका जताई है। विभाग के अनुसार इस क्षेत्र में लगभग 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, साथ ही गरज-चमक के साथ भारी वर्षा और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना भी बनी हुई है। ऐसी परिस्थितियों में लोगों को सुरक्षित भवनों के भीतर रहने, खुले स्थानों से दूर रहने तथा आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी गई है। प्रशासन को भी संभावित आपात स्थिति से निपटने के लिए सतर्क रहने को कहा गया है।
कई राज्यों में ऑरेंज अलर्ट, भारी वर्षा और तेज हवाओं का पूर्वानुमान
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने पंजाब के अलावा उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों के अनेक जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके अंतर्गत मध्यम से भारी वर्षा, तेज हवा, गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की प्रबल संभावना व्यक्त की गई है। केरल, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, मणिपुर, पश्चिम बंगाल, नागालैंड, असम, हरियाणा तथा उत्तराखंड के कई जिलों में भी मौसम के अचानक खराब होने की चेतावनी जारी की गई है। इन क्षेत्रों में स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने तथा आवश्यकतानुसार राहत और बचाव की तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
पर्वतीय क्षेत्रों में भी मौसम रहेगा चुनौतीपूर्ण
मौसम विभाग के अनुसार जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के अनेक हिस्सों में भी आगामी दिनों के दौरान वर्षा की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। चार से सात अगस्त के बीच इन क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने का अनुमान व्यक्त किया गया है। पर्वतीय इलाकों में लगातार वर्षा के कारण भूस्खलन, चट्टान गिरने तथा सड़क यातायात प्रभावित होने जैसी स्थितियां उत्पन्न हो सकती हैं। ऐसे में यात्रियों और स्थानीय लोगों को विशेष सावधानी बरतने तथा मौसम की ताजा जानकारी प्राप्त करते रहने की सलाह दी गई है।
दिल्ली-एनसीआर में हल्की फुहारें, उमस से फिलहाल राहत नहीं
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से मानसून अपेक्षाकृत कमजोर बना हुआ है। मंगलवार सुबह दिल्ली और आसपास के कुछ इलाकों में हल्की फुहारें दर्ज की गईं, लेकिन व्यापक और तेज वर्षा का इंतजार अभी भी बना हुआ है। बादलों की आवाजाही के बावजूद वातावरण में नमी अधिक होने से उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान कर रही है। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में मानसूनी गतिविधियों में बदलाव संभव है और समय-समय पर हल्की से मध्यम वर्षा की स्थिति बन सकती है। हालांकि व्यापक वर्षा को लेकर ताजा पूर्वानुमानों पर लगातार नजर रखी जा रही है।
मौसम विभाग ने लोगों से बरतने को कहा विशेष एहतियात
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम से संबंधित सभी अद्यतन सूचनाएं केवल आधिकारिक माध्यमों से प्राप्त करें। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिलेवार चेतावनियां और त्वरित मौसम संबंधी जानकारी नियमित रूप से उसके आधिकारिक पोर्टल और अन्य अधिकृत माध्यमों पर उपलब्ध कराई जा रही हैं। विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि आंधी-तूफान के दौरान पेड़ों, बिजली के खंभों और खुले मैदानों से दूरी बनाए रखें, जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवाजाही से बचें तथा बिजली कड़कने की स्थिति में सुरक्षित स्थानों पर शरण लें। समय रहते बरती गई सावधानी संभावित दुर्घटनाओं से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय मानी जाती है।