श्रीनगर, 12 अगस्त 2026 | स्वतंत्रता दिवस से पहले बुधवार को कश्मीर घाटी के विभिन्न हिस्सों में देशभक्ति का माहौल देखने को मिला। श्रीनगर से लेकर दक्षिण कश्मीर के कई जिलों तक तिरंगा यात्राएं, बाइक रैलियां और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनमें विद्यार्थियों, युवाओं, सरकारी अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और आम नागरिकों ने भाग लिया। श्रीनगर में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर यानी एसकेआईसीसी से तिरंगा यात्रा को रवाना किया। यात्रा डल झील के किनारे से गुजरते हुए बॉटनिकल गार्डन पहुंची, जहां तिरंगा महोत्सव आयोजित किया गया।
डल झील किनारे सैकड़ों लोगों ने किया मार्च
तिरंगा यात्रा में सैकड़ों लोग राष्ट्रीय ध्वज लेकर शामिल हुए। प्रतिभागियों ने वंदे मातरम् और देशभक्ति से जुड़े नारे लगाए। बॉटनिकल गार्डन पहुंचने के बाद उपराज्यपाल ने उपस्थित नागरिकों को संबोधित किया।
मनोज सिन्हा ने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान अब केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि जनभागीदारी और राष्ट्रीय गौरव की परंपरा बन गया है। उन्होंने लोगों से राष्ट्रीय ध्वज की भावना को केवल घरों और इमारतों तक सीमित न रखकर अपने विचार, चरित्र और कार्यों में भी उतारने की अपील की।
मनोज सिन्हा बोले—तिरंगा साझा शक्ति और एकता का प्रतीक
उपराज्यपाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि श्रीनगर की धरती पर तिरंगा ऊंचा लहरा रहा है और वंदे मातरम् की गूंज सुनाई दे रही है। उन्होंने तिरंगे को देश की साझा शक्ति, एकता और अटूट देशभक्ति का प्रतीक बताया। यह बयान यात्रा के बाद सार्वजनिक किया गया।
एसकेआईसीसी से बॉटनिकल गार्डन तक रहा यात्रा मार्ग
श्रीनगर की मुख्य यात्रा एसकेआईसीसी से शुरू हुई और डल झील किनारे स्थित बॉटनिकल गार्डन में समाप्त हुई। जिला प्रशासन ने कार्यक्रम से पहले सुरक्षा, यातायात, पेयजल, चिकित्सा सहायता और प्रतिभागियों की आवाजाही से जुड़े इंतजामों की समीक्षा की थी। ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के साथ इस वर्ष वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने से जुड़े कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। जम्मू-कश्मीर में अभियान की गतिविधियां 9 से 17 अगस्त तक चलने की घोषणा की गई है।
शोपियां में निकली भव्य बाइक तिरंगा रैली
शोपियां में मंगलवार को जिला प्रशासन और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने संयुक्त रूप से बाइक तिरंगा रैली आयोजित की थी। उपायुक्त शिशिर गुप्ता और एसएसपी मुश्ताक अहमद चौधरी ने रैली को हरी झंडी दिखाने के साथ स्वयं भी इसमें हिस्सा लिया।
रैली जिला पुलिस लाइन से शुरू होकर बाटापोरा बस स्टैंड, फोर-वे चौक, क्लॉक टावर, अस्पताल रोड और पुलिस स्टेशन रोड से गुजरते हुए वापस जिला पुलिस लाइन पहुंची। इसमें पुलिस, सीआरपीएफ, नागरिक प्रशासन, युवा और अन्य विभागों के अधिकारी शामिल हुए।
कुलगाम में नागरिकों और विद्यार्थियों ने लिया हिस्सा
कुलगाम में भी ‘हर घर तिरंगा अभियान-2026’ के तहत बाइक रैली आयोजित की गई। यह रैली लारू कुलगाम बस स्टैंड से शुरू होकर नगर क्षेत्र और एनएच-444 बाईपास से गुजरते हुए मिनी सचिवालय में संपन्न हुई। कार्यक्रम में जिला प्रशासन, पुलिस, युवा सेवा एवं खेल विभाग, सूचना विभाग, विद्यार्थियों, युवा स्वयंसेवकों और स्थानीय नागरिकों ने हिस्सा लिया।
पुलवामा के कई इलाकों में तिरंगा यात्राएं
पुलवामा जिले में राजपोरा, लस्सीपोरा, संगरवानी, रहमू और हवाल समेत कई स्थानों पर तिरंगा रैलियां आयोजित की गईं। इनमें विद्यार्थियों, शिक्षकों, पुलिस, सीआरपीएफ, सरकारी कर्मचारियों और नागरिक समाज के सदस्यों ने हिस्सा लिया। रैलियों के दौरान राष्ट्रीय एकता, शांति और सामाजिक सद्भाव का संदेश दिया गया। आयोजकों के अनुसार सभी कार्यक्रम शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से संपन्न हुए।
अनंतनाग, त्राल, पंपोर और अवंतीपोरा में भी कार्यक्रम
दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग, त्राल, पंपोर और अवंतीपोरा में भी तिरंगा यात्राएं तथा स्वतंत्रता दिवस से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की गईं। अनंतनाग में जिला स्तरीय बड़ी यात्रा स्पोर्ट्स स्टेडियम से लाल चौक तक निर्धारित की गई थी। अभियान से विद्यार्थियों, स्थानीय नागरिकों, सरकारी कर्मचारियों और सामाजिक संगठनों को जोड़ने के लिए जिला प्रशासन ने सुरक्षा, पेयजल, स्वास्थ्य सेवा और यातायात प्रबंधन की विशेष व्यवस्था की।
घाटी में आगे भी जारी रहेंगी गतिविधियां
स्वतंत्रता दिवस तक कश्मीर घाटी में और तिरंगा यात्राएं, सांस्कृतिक कार्यक्रम, स्वच्छता अभियान और राष्ट्रीय ध्वज से जुड़ी जागरूकता गतिविधियां आयोजित करने की योजना है। जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने स्कूलों, पंचायतों, शहरी निकायों, युवा संगठनों और नागरिक समाज को ‘हर घर तिरंगा’ कार्यक्रम से जोड़ने पर जोर दिया है।
13 अगस्त को फुल ड्रेस रिहर्सल
स्वतंत्रता दिवस के मुख्य समारोह से पहले गुरुवार, 13 अगस्त को विभिन्न जिलों में फुल ड्रेस रिहर्सल आयोजित की जाएगी। इसमें परेड, मार्च पास्ट, सांस्कृतिक कार्यक्रम और सुरक्षा व्यवस्था का अंतिम परीक्षण किया जाएगा। श्रीनगर में मुख्य स्वतंत्रता दिवस समारोह बख्शी स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा। जम्मू-कश्मीर सरकार ने श्रीनगर में तैनात सरकारी कर्मचारियों को इस समारोह में भाग लेने के निर्देश दिए हैं।
पूरे कश्मीर में बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था
स्वतंत्रता दिवस समारोहों को देखते हुए कश्मीर घाटी में बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की गई है। कश्मीर के पुलिस महानिरीक्षक वीके बिरदी के अनुसार सुरक्षा केवल मुख्य आयोजन स्थलों तक सीमित नहीं है, बल्कि श्रीनगर शहर और घाटी के सभी जिलों में निगरानी बढ़ाई गई है। पुलिस ने नागरिकों से स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में भाग लेने की अपील भी की है।
स्थानीय लोगों और यात्रियों पर क्या असर पड़ेगा?
- श्रीनगर के यात्रियों के लिए: एसकेआईसीसी, बुलेवार्ड रोड, डल झील और बॉटनिकल गार्डन के आसपास कार्यक्रमों के दौरान यातायात नियंत्रित किया जा सकता है।
- 15 अगस्त के समारोह में जाने वालों के लिए: बख्शी स्टेडियम के आसपास सुरक्षा जांच और मार्ग प्रतिबंध के कारण अतिरिक्त समय लेकर निकलना बेहतर रहेगा।
- सरकारी कर्मचारियों के लिए: श्रीनगर में तैनात कर्मचारियों की मुख्य स्वतंत्रता दिवस समारोह में उपस्थिति आधिकारिक ड्यूटी का हिस्सा घोषित की गई है।
- आम नागरिकों के लिए: कार्यक्रम स्थल पर पहचान पत्र साथ रखें और पुलिस तथा जिला प्रशासन की यातायात-सुरक्षा संबंधी सूचना का पालन करें।