नई दिल्ली. अक्टूबर का महीना आम तौर पर ठंडा रहता है लेकिन इस बार दिल्ली-एनसीआर से लेकर राजस्थान तक भीषण गर्मी हो रही है। मॉनसून उत्तर भारत से विदा ले चुका है लेकिन ठंड की जगह गर्मी सता रही है। दिल्ली-एनसीआर राजस्थान हरियाणा पंजाब पश्चिमी उत्तर प्रदेश मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में तापमान 35 डिग्री तक पहुंच गया है। कम बारिश होने की वजह से पहले ही ये राज्य सूखे की मार झेल रहे हैं जबकि अब ठंड की दस्तक न होने से गर्मी ने लोगों की परेशानियां बढ़ा दी हैं। कई शहरों में तापमान सामान्य से 2 से 4 डिग्री तक अधिक दर्ज किया जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार इसे वैज्ञानिक भाषा में अक्टूबर हीट कहा जाता है।
मॉनसून विदाई और संक्रमण काल
मौसम विभाग के मुताबिक अक्टूबर के महीने में हो रही गर्मी पहली बार नहीं हो रही है। पहले भी अक्टूबर में गर्मी होती रही है। मौसम विभाग की भाषा में इसे दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की विदाई और सर्दियों के आने के बीच संक्रमण काल वाला मौसम माना जाता है। जिसमें मॉनसून तो पीछे हटने लगता है लेकिन सर्दियों के न आने की वजह से तापमान में बढ़ोतरी होती रहती है। ऐसे में हवा में मौजूद नमी की वजह से एक अलग तरह का मौसम बनता है जिसमें तापमान 35 से 40 डिग्री के बीच बना रहता है। इस बार भी यही पैटर्न देखने को मिल रहा है जिसकी वजह से गर्मी का असर बढ़ा हुआ है। संक्रमण काल में ऐसा होना सामान्य माना जाता है।
अल नीनो और ग्लोबल वार्मिंग का प्रभाव
इस बार अल नीनो की वजह से मॉनसून कम रहा है जिसका असर अब तक दिख रहा है। अल नीनो ने हिंद महासागर में मौसम के चक्र को प्रभावित किया है। ग्लोबल वार्मिंग के चलते अब हर महीना तापमान सामान्य औसत से ज्यादा गर्म हो जाता है जिसका सीधा असर अक्टूबर के महीने में दिख रहा है। कई बार हवा की रफ्तार पूरी तरह से धीमी हो जाती है और कई बार ठप भी जाती है। हवा तेज न चलने की वजह से मौसम में मौजूद गर्मी और उमस एक ही जगह जमा हो जाती है जिससे पसीना तेजी से आता है और सूखता नहीं है। ऐसे में 30 से 35 डिग्री के तापमान में भी 40 डिग्री वाली गर्मी महसूस होने लगती है। इस बार भी यही स्थिति बनी हुई है।
राजस्थान में सबसे ज्यादा गर्मी
बदलते मौसम का सबसे ज्यादा प्रभाव राजस्थान में दिख रहा है। राजस्थान में तापमान 35 से 39 डिग्री तक चल रहा है जबकि दिल्ली-एनसीआर में भी तापमान 37 डिग्री तक पहुंच रहा है। आसमान पूरी तरह से साफ है और हवाएं दिन में नहीं चल रही हैं जिसकी वजह से गर्मी दिन में बढ़ती जा रही है। राजस्थान में गंगानगर और बीकानेर जिला सबसे ज्यादा गर्म है जहां तापमान 38 से 39 डिग्री के बीच दर्ज किया जा रहा है। राजस्थान के 18 जिलों में इस बार औसत से बहुत कम बारिश हुई है जिसके चलते इन जिलों में सूखे की स्थिति साफ देखी जा रही है। ऊपर से गर्मी का असर लगातार रहने से परेशानियां बढ़ रही हैं।
आगे की स्थिति और सावधानियां
मौसम विभाग के अनुसार अक्टूबर हीट का यह प्रभाव कुछ दिनों तक बना रह सकता है। धीरे-धीरे सर्दियों के आने के साथ तापमान में गिरावट की उम्मीद है। फिलहाल लोग दिन के समय बाहर निकलने से बचें और पर्याप्त पानी पिएं। सूखे की स्थिति वाले क्षेत्रों में जल संरक्षण पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। अल नीनो के प्रभाव को देखते हुए आगे भी मौसम में उतार-चढ़ाव संभव है। नागरिकों को मौसम विभाग के अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी जा रही है। गर्मी से राहत के लिए हल्के कपड़े और छायादार जगहों का उपयोग करें।