Jaipur: कांग्रेस विधायक मुकेश भाकर को विधानसभा के बजट सत्र की कार्यवाही से निलंबित करने के बाद सदन में सोमवार को मारपीट और धक्का-मुक्की हुई। भाकर के निलंबन के बाद मार्शल जब उन्हें जबरन बाहर ले जाने लगे तो कांग्रेसी विधायक उनसे भिड़ गए। इस हंगामे में कांग्रेस विधायक अनीता जाटव की चूड़ियां टूट गईं और चोट भी लगी। वरिष्ठ विधायक हरिमोहन शर्मा जमीन पर गिर गए। इस बीच सदन की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दी गई, लेकिन विपक्ष के विधायक सदन में ही धरने पर बैठ गए। मंगलवार सुबह भी विपक्ष के 56 विधायकों को धरना जारी है। वे सोमवार रातभर 'रघुपति राघव राजाराम' भजन गाते रहे। भाकर पर स्पीकर वासुदेव देवनानी की तरफ गलत इशारे करके दुर्व्यवहार करने का आरोप है।
सोमवार को मंत्री के बेटे को लेकर शुरू हुआ विवाद
विधानसभा में सोमवार को लंच ब्रेक के बाद जमकर हंगामा हुआ था। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और स्पीकर के बीच नोकझोंक हो गई थी। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा कि 1 जुलाई से भारतीय न्याय संहिता लागू हो चुकी है, लेकिन सरकार ने 12 से ज्यादा सरकारी वकीलों की नियुक्ति सीआरपीसी के तहत कर दी है। ये संविधान का उल्लंघन है। इस पर सदन में चर्चा हो। मंत्री के बेटे को भी एएजी बना दिया है। स्पीकर वासुदेव देवनानी ने इस मुद्दे पर नेता प्रतिपक्ष को आगे अनुमति देने से इनकार कर दिया। कहा- पहले लिखित में दीजिए, आप कौनसे नियम के तहत इस पर चर्चा कराना चाहते हैं। इस मामले में नेता प्रतिपक्ष की स्पीकर से नोकझोंक हो गई। इसके बाद नाराज कांग्रेस विधायकों ने वेल में आकर नारेबाजी शुरू कर दी। स्पीकर ने कहा- नियमों में आइए, कल व्यवस्था दूंगा। कांग्रेस विधायकों के हंगामे के बीच ही ध्यानाकर्षण प्रस्तावों पर मंत्रियों ने जवाब दिए। इसी दौरान कांग्रेस विधायक मुकेश भाकर ने स्पीकर की ओर इशारा किया। जिसके बाद हंगामा बढ़ गया।
कांग्रेस विधायक मुकेश भाकर को विधानसभा के बजट सत्र की कार्यवाही से निलंबित करने के बाद सदन में सोमवार को मारपीट और धक्का-मुक्की हुई।