अयोध्या- राम मंदिर चढ़ावा और दान विवाद के बीच अब सिंधी समाज द्वारा दान की गई 200 किलो चांदी की ईंटों का मुद्दा सामने आने के बाद सियासत तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी प्रमुख Akhilesh Yadav ने इस मामले को लेकर भाजपा पर निशाना साधते हुए सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। वहीं, SIT अपनी जांच रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंप चुकी है।
200 चांदी की ईंटों का हिसाब मांग रहा सिंधी समाज
विश्व सिंधी सेवा संगम के पदाधिकारियों का दावा है कि वर्ष 2021 में सिंधी समाज की ओर से लगभग 200 किलो चांदी, 200 ईंटों के रूप में राम मंदिर ट्रस्ट को दान की गई थी। उनका आरोप है कि दान की कोई रसीद उपलब्ध नहीं कराई गई और अब तक यह स्पष्ट नहीं किया गया कि चांदी का उपयोग कहां हुआ।
अखिलेश यादव ने साधा भाजपा पर निशाना
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि यदि इसी तरह परत-दर-परत खुलासे होते रहे तो जांच की जगह मामले को दबाने की कोशिशें तेज हो सकती हैं। उन्होंने इस मुद्दे को लेकर भाजपा सरकार और मंदिर प्रबंधन पर सवाल उठाए हैं।
SIT ने सरकार को सौंपी जांच रिपोर्ट
राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच कर रही SIT ने अपनी रिपोर्ट शासन को सौंप दी है। रिपोर्ट लखनऊ मंडल के आयुक्त विजय विश्वास पंत की अध्यक्षता में तैयार की गई है। हालांकि रिपोर्ट की सामग्री और संभावित दोषियों के नाम अभी सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।
मंदिर प्रबंधन पर बढ़ सकता है दबाव
सूत्रों के अनुसार जांच रिपोर्ट के आधार पर मंदिर प्रबंधन से जुड़े कुछ लोगों पर कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। चढ़ावे और दान से जुड़े रिकॉर्ड की भी विस्तृत जांच की जा रही है।
पहले भी उठा चुके हैं मुद्दा
राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर सबसे पहले 7 जून को अखिलेश यादव ने सवाल उठाए थे। इसके बाद मामला चर्चा में आया और जांच शुरू हुई। जांच के दौरान कथित तौर पर नकदी बरामदगी और सीसीटीवी फुटेज से जुड़े मुद्दों ने मामले को और गंभीर बना दिया।