मालदा: पश्चिम बंगाल के मालदा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में चूहों के बढ़ते उत्पात को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि अस्पताल के वार्डों में चूहे घूम रहे हैं और कुछ मरीजों को नुकसान पहुंचाने की शिकायतें भी सामने आई हैं। स्थिति से निपटने और मरीजों की सुरक्षा के लिए अस्पताल प्रशासन ने कई बेडों के पास चूहे पकड़ने के ट्रैप लगाए हैं। इस घटना की तस्वीरें सामने आने के बाद अस्पताल की साफ-सफाई और बुनियादी व्यवस्थाओं पर सवाल उठने लगे हैं।
मरीजों के बेड के पास चूहे पकड़ने के उपकरण
अस्पताल में मरीजों के बेड के बिल्कुल पास चूहे पकड़ने वाले उपकरण रखे जाने की तस्वीरों ने लोगों को हैरान कर दिया है। रिपोर्टों के अनुसार, अस्पताल के वार्डों में चूहों की मौजूदगी को नियंत्रित करने के लिए यह कदम उठाया गया है। मरीजों और उनके परिजनों के बीच भी इस समस्या को लेकर चिंता देखी जा रही है।
श्रीरूपा मित्र चौधरी ने उठाए सवाल
इंग्लिशबाजार विधानसभा क्षेत्र की बीजेपी की पूर्व विधायक और पार्टी की केंद्रीय समिति की सदस्य श्रीरूपा मित्र चौधरी ने अस्पताल की स्थिति पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि मरीजों के पास चूहे पकड़ने के उपकरण रखे जाने से साफ है कि अस्पताल में चूहों की समस्या मौजूद है। उन्होंने विभिन्न वार्डों में अस्वास्थ्यकर माहौल और साफ-सफाई की स्थिति पर भी सवाल उठाए।
'सरकार बदली, लेकिन व्यवस्था नहीं बदली' का आरोप
श्रीरूपा मित्र चौधरी ने आरोप लगाया कि सरकार बदलने के बावजूद सरकारी अधिकारियों के कामकाज और रवैये में अपेक्षित बदलाव नहीं आया है। उनका कहना है कि इसी कारण अस्पताल जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संस्था में मरीजों को ऐसी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने इस मुद्दे को मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के सामने उठाने की बात भी कही है।
अस्पताल प्रशासन ने मानी चूहों की समस्या
मालदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट एवं वाइस प्रिंसिपल प्रसेंजीत बर ने अस्पताल परिसर में चूहों की समस्या होने की बात स्वीकार की है। उन्होंने बताया कि चूहे अस्पताल के परिसर और वार्डों में पाए जाते हैं तथा उन्हें पकड़ने के लिए ट्रैप लगाए गए हैं, ताकि मरीजों को किसी तरह का नुकसान न पहुंचे। साथ ही चूहों की समस्या से निपटने के लिए पेस्ट कंट्रोल उपायों को भी तेज करने की बात कही गई है।
मरीजों की सुरक्षा और अस्पताल की स्वच्छता पर बड़ा सवाल
मालदा मेडिकल कॉलेज जैसे बड़े सरकारी अस्पताल में मरीजों के बेड के पास चूहे पकड़ने के ट्रैप लगाए जाने की घटना ने स्वास्थ्य सेवाओं की स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बहस छेड़ दी है। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या केवल ट्रैप लगाने से समस्या खत्म होगी या अस्पताल में नियमित और प्रभावी पेस्ट कंट्रोल तथा साफ-सफाई की व्यापक व्यवस्था की जाएगी।