कोलकाता/गंगटोक: अंतरराज्यीय परिवहन व्यवस्था को नया आयाम देने और दोनों पड़ोसी राज्यों के बीच कनेक्टिविटी को और अधिक मजबूत करने के उद्देश्य से पश्चिम बंगाल और सिक्किम सरकार के बीच एक ऐतिहासिक द्विपक्षीय परिवहन समझौता (Reciprocal Transport Agreement) संपन्न हुआ है। शुक्रवार को कोलकाता के परिवहन भवन में आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक में दोनों राज्यों के शीर्ष अधिकारियों और मंत्रियों की मौजूदगी में इस समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। इस नए करार से सिक्किम के हजारों चालकों और परिवहन व्यवसायियों को बहुत बड़ी आर्थिक राहत मिलने जा रही है।
इस महत्वपूर्ण समझौते पर पश्चिम बंगाल सरकार के परिवहन विभाग के प्रधान सचिव रवींदर सिंह, सिक्किम सरकार के परिवहन विभाग के सचिव मनीष प्रधान और सिक्किम स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी के एटीसी व सचिव रोशन प्रधान ने हस्ताक्षर किए। इस मौके पर पश्चिम बंगाल के परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह विशेष रूप से उपस्थित रहे।
टैक्सियों के लिए परमिट हुए दोगुने, वापसी में भी मिलेगी सवारी
इस समझौते के तहत सिक्किम की परिवहन व्यवस्था में कई बड़े और क्रांतिकारी बदलाव किए गए हैं, जिसकी जानकारी खुद सिक्किम के मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया के जरिए साझा की है।
समझौते के तहत लिए गए बड़े फैसले इस प्रकार हैं:परमिट में भारी बढ़ोतरी: सिक्किम की टैक्सियों के लिए काउंटर-सिग्नेचर परमिट की संख्या को 3,000 से सीधे बढ़ाकर 6,000 (दोगुना) कर दिया गया है।
वापसी यात्रा में छूट: विशेष परमिट पर चलने वाली सिक्किम की टैक्सियां अब सिलीगुड़ी सहित पश्चिम बंगाल के विभिन्न हिस्सों से सिक्किम लौटते समय भी सवारियां (यात्री) उठा सकेंगी। पहले इन गाड़ियों को खाली लौटना पड़ता था, जिससे चालकों को नुकसान होता था।
नया कॉरिडोर और नो-परमिट जोन: रंगपो और मेल्ली के बीच चलने वाले सिक्किम के परिवहन वाहनों के लिए एक नया कॉरिडोर शुरू किया गया है, जिसके बाद अब इन क्षेत्रों में चलने के लिए काउंटर-सिग्नेचर परमिट की कोई आवश्यकता नहीं होगी।सिक्किम सरकार का मानना है कि इस फैसले से राज्य के हजारों टैक्सी चालकों और मालिकों की आय में भारी वृद्धि होगी और पर्यटन व्यवसाय को भी बढ़ावा मिलेगा।
सिक्किम के मुख्यमंत्री गोले ने जताया आभार
इस ऐतिहासिक समझौते का स्वागत करते हुए सिक्किम के मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग (गोले) ने इसे अपने राज्य के परिवहन क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर बताया है। उन्होंने इस प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने और सकारात्मक सहयोग देने के लिए पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी, परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह और समग्र बंगाल सरकार का दिल से धन्यवाद किया है।
सिक्किम के मुख्यमंत्री ने कहा कि इस समझौते से न केवल सिक्किम के हजारों चालकों को सीधा आर्थिक लाभ पहुंचेगा, बल्कि दोनों राज्यों के बीच संपर्क मार्ग और सुगम होगा। यह समझौता पश्चिम बंगाल और सिक्किम के बीच दशकों पुराने दोस्ताना संबंधों और आपसी सहयोग को एक नई ऊंचाई पर ले जाएगा।