नेपाल - नेपाल में आई भीषण बाढ़ ने आम जनजीवन के साथ-साथ सरकारी और निजी संस्थानों को भी भारी नुकसान पहुंचाया है। भोटेकोशी नदी में आई तेज बाढ़ का पानी नुवाकोट जिले के त्रिशूली इलाके में स्थित कृषि विकास बैंक की शाखा में भी घुस गया था। बाढ़ के कारण बैंक का पूरा परिसर पानी और मलबे से भर गया, जिसके चलते अंदर रखी नकदी और कीमती सामान को बाहर निकालना चुनौतीपूर्ण हो गया था। हालात में कुछ सुधार होने के बाद बैंक की संपत्ति को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष अभियान चलाया गया।

बाढ़ के पानी में डूब गया था बैंक परिसर
भोटेकोशी नदी में अचानक आई बाढ़ ने आसपास के क्षेत्रों में व्यापक तबाही मचाई। त्रिशूली-ढुंगे स्थित कृषि विकास बैंक की शाखा भी इसकी चपेट में आ गई। पानी के साथ बड़ी मात्रा में मलबा बैंक के भीतर पहुंच गया, जिससे लॉकर और दूसरे सुरक्षित हिस्सों तक पहुंचना मुश्किल हो गया। बाढ़ के बाद बैंक के अंदर रखी कीमती धातुओं और अन्य संपत्तियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई थी। पानी कम होने के बाद अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया और बैंक के भीतर फंसी संपत्ति को निकालने के लिए अभियान शुरू करने का फैसला किया।

करीब 8 घंटे चला बचाव अभियान
पुलिस के अनुसार, बैंक में रखी संपत्ति को बाहर निकालने के लिए पुलिस और संबंधित टीमों ने लगभग आठ घंटे तक लगातार काम किया। अभियान के दौरान टीमों को पानी, कीचड़ और मलबे के बीच काफी सावधानी से आगे बढ़ना पड़ा। बैंक के लॉकर और अन्य हिस्सों की जांच करते हुए टीमों ने वहां मौजूद कीमती सामान को एक-एक करके सुरक्षित बाहर निकाला। अभियान का मुख्य उद्देश्य बाढ़ के कारण बैंक के अंदर फंसी संपत्ति को किसी भी तरह के नुकसान से बचाना था।

बरामद हुआ करीब 50 करोड़ नेपाली रुपये का सोना
रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान बैंक से बड़ी मात्रा में सोना बरामद किया गया। पुलिस के मुताबिक, बरामद सोने की अनुमानित कीमत करीब 50 करोड़ नेपाली रुपये बताई जा रही है। इसके अलावा बैंक के अंदर मौजूद नकदी और अन्य महत्वपूर्ण सामान को भी सुरक्षित निकालने की प्रक्रिया की गई। इतनी बड़ी कीमत की संपत्ति का बाढ़ प्रभावित बैंक के भीतर मिलना इस पूरे अभियान को बेहद महत्वपूर्ण बनाता है। अधिकारियों के सामने चुनौती सिर्फ संपत्ति ढूंढना नहीं, बल्कि उसे सुरक्षित तरीके से बाहर निकालना भी थी।
10 भाद्र की बाढ़ में हुआ था भारी नुकसान
पुलिस के मुताबिक, 10 भाद्र को आई बाढ़ के दौरान कृषि विकास बैंक की त्रिशूली-ढुंगे शाखा बुरी तरह प्रभावित हुई थी। बाढ़ की तेज धारा और मलबे ने बैंक के कई हिस्सों को अपनी चपेट में ले लिया था। घटना के बाद बैंक की सुरक्षा और अंदर रखी संपत्ति को लेकर प्रशासन सतर्क हो गया। स्थिति सामान्य होने के बाद चलाए गए अभियान से बैंक में रखे करोड़ों रुपये मूल्य के सोने को सुरक्षित निकालने में सफलता मिली।
बाढ़ ने फिर बढ़ाई आपदा प्रबंधन की चिंता
नेपाल में नदियों के उफान और अचानक आने वाली बाढ़ से हर साल कई इलाकों में भारी नुकसान होता है। भोटेकोशी नदी की इस बाढ़ ने एक बार फिर दिखाया है कि प्राकृतिक आपदा के दौरान महत्वपूर्ण संस्थानों और संपत्तियों की सुरक्षा कितनी बड़ी चुनौती बन सकती है। कृषि विकास बैंक की शाखा से कीमती संपत्ति को सुरक्षित निकालना राहत एवं बचाव टीमों के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। अब प्रशासन का ध्यान बाढ़ से प्रभावित क्षेत्र में सामान्य स्थिति बहाल करने और नुकसान का आकलन करने पर है।