हिमाचल प्रदेश के निर्माता और राज्य के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. यशवंत सिंह परमार की 120वीं जयंती मंगलवार को पूरे प्रदेश में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने भी डॉ. परमार की जयंती पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि डॉ. यशवंत सिंह परमार का जीवन हिमाचल प्रदेश के विकास, जनसेवा और दूरदर्शी नेतृत्व का प्रेरणादायक उदाहरण है।
डॉ. वाईएस परमार की 120वीं जयंती पर पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने किया नमन
पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि डॉ. परमार की दूरदृष्टि और नेतृत्व क्षमता ने हिमाचल प्रदेश के गठन से लेकर उसके सर्वांगीण विकास तक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने प्रदेश की मजबूत प्रशासनिक व्यवस्था तैयार करने के साथ-साथ शिक्षा, कृषि, ग्रामीण विकास और आधारभूत ढांचे को नई दिशा देने का कार्य किया। उनके प्रयासों ने देवभूमि हिमाचल को एक सशक्त और प्रगतिशील राज्य के रूप में स्थापित करने की मजबूत नींव रखी।
हिमाचल के विकास में उनका योगदान अविस्मरणीय
पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि हिमाचल निर्माता और प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. यशवंत सिंह परमार जी की जयंती पर कोटिशः नमन-वंदन। श्रद्धेय परमार जी की दूरदर्शिता और नेतृत्व ने प्रदेश को नई दिशा दी। देवभूमि हिमाचल को सुदृढ़ बनाने और प्रदेशवासियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए उनका योगदान सदैव अविस्मरणीय रहेगा।"
आम लोगों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी
पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि डॉ. परमार के विचार आज भी प्रदेश के विकास की दिशा तय करने में प्रेरणा देते हैं। उन्होंने हमेशा पहाड़ी क्षेत्रों की विशेष आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए नीतियां बनाई और आम लोगों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। यही कारण है कि उन्हें हिमाचल प्रदेश के विकास पुरुष के रूप में भी याद किया जाता है।