मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन देहरादून से अपनी विधानसभा चम्पावत को विकास की दो महत्वपूर्ण सौगातें प्रदान करते हुए वर्चुअल माध्यम से टनकपुर उप जिला चिकित्सालय में स्थापित नवीन स्वास्थ्य सुविधाओं का उद्घाटन तथा डांडा ककनई में नेस्ले इंडिया एवं बीएआईएफ BAIF के सहयोग से संचालित उत्तराखंड CSR–2026 समग्र ग्राम विकास कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
समग्र विकास का किया आह्वान
मुख्यमंत्री ने कहा कि कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी केवल सामाजिक दायित्व नहीं बल्कि देवभूमि उत्तराखंड के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने उद्योग जगत से उत्तराखंड की विकास यात्रा में सहभागी बनने तथा अपने CSR संसाधनों का अधिकतम उपयोग राज्य के समग्र विकास के लिए आगे आने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक एवं पर्वतीय परिस्थितियाँ अन्य राज्यों से भिन्न हैं। इसलिए राज्य का विकास ऐसा होना चाहिए जो रोजगार शिक्षा स्वास्थ्य महिला सशक्तिकरण पर्यावरण संरक्षण तथा ग्राम विकास को समान प्राथमिकता देते हुए आगे बढ़े। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार की पारदर्शी नीतियों और कॉर्पोरेट जगत के सहयोग से उत्तराखंड सतत एवं समावेशी विकास का राष्ट्रीय मॉडल बनेगा।
नवीन ईसीजी मशीन का शुभारंभ
वर्चुअल उद्घाटन के अंतर्गत उप जिला चिकित्सालय टनकपुर में दो अत्याधुनिक डायलिसिस मशीनों तथा एक नवीन ईसीजी मशीन का शुभारंभ किया गया। इन आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं के प्रारंभ होने से सीमांत क्षेत्र के मरीजों को स्थानीय स्तर पर ही गुणवत्तापूर्ण एवं आधुनिक चिकित्सा सेवाएँ उपलब्ध होंगी तथा स्वास्थ्य व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी। इसके उपरांत मुख्यमंत्री ने राजकीय इंटर कॉलेज डांडा ककनई से समग्र ग्राम विकास कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए क्षेत्रवासियों से वर्चुअल संवाद भी किया। इस कार्यक्रम के माध्यम से स्वास्थ्य शिक्षा स्वच्छता जल संरक्षण सौर ऊर्जा महिला सशक्तिकरण कौशल विकास स्वरोजगार एवं ग्राम अवसंरचना सहित अनेक क्षेत्रों में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी।
समावेशी विकास का संकल्प
मुख्यमंत्री ने कहा कि आदर्श चम्पावत – विकसित चम्पावत केवल एक अभियान नहीं बल्कि जनसहभागिता के माध्यम से जनपद के सर्वांगीण एवं समावेशी विकास का संकल्प है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य विकास की प्रत्येक योजना का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना है तथा चम्पावत को विकास सुशासन नवाचार और जनकल्याण का आदर्श जनपद बनाना है।