पश्चिम बंगाल: के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने मंगलवार को अपने पूर्व आप्त सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की हत्या के मामले में एक बड़ा और सनसनीखेज दावा किया है। नंदीग्राम उपचुनाव के लिए चंद्रनाथ की मां हंसिरानी रथ के नामांकन के अवसर पर बोलते हुए सुवेंदु ने सीधे तौर पर तृणमूल कांग्रेस के नेता अभिषेक बनर्जी और उनके सहयोगियों पर हत्या की साजिश रचने का आरोप लगाया। मुख्यमंत्री का दावा है कि इस वारदात को अंजाम देने के लिए शूटरों को 2 करोड़ रुपये की सुपारी दी गई थी।
मध्यग्राम में पॉइंट ब्लैक रेंज से मारी गई थी गोली
विधानसभा चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित हुए थे, जिसमें भारतीय जनता पार्टी ने जीत हासिल की। परिणाम आने के ठीक दो दिन बाद, 6 मई को उत्तर 24 परगना के मध्यग्राम में घर लौटते समय सुवेंदु अधिकारी के करीबी और तत्कालीन आप्त सहायक चंद्रनाथ रथ की पॉइंट ब्लैंक रेंज से गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना से राज्य की राजनीति में भूचाल आ गया था।
सीबीआई कर रही जांच, 7 आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) को सौंपी गई थी। जांच एजेंसी अब तक इस मामले में संलिप्तता के संदेह में 7 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। हालांकि, इस साजिश का असली मास्टरमाइंड कौन है, इसे लेकर अब भी जांच जारी है।
'मेरे पास कई कॉल रिकॉर्डिंग्स हैं' - सुवेंदु अधिकारी
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने दावा किया कि उनके पास ऐसी कई कॉल रिकॉर्डिंग्स हैं, जिनसे साफ पता चलता है कि घटना के पीछे 'भतीजा गैंग' यानी अभिषेक बनर्जी और उनके सहयोगियों का हाथ है। उन्होंने कहा, "मेरे पास जो जानकारी है, उसके मुताबिक शूटरों को 2 करोड़ रुपये दिए गए थे। मैंने डायमंड हार्बर के कई लोगों की कॉल रिकॉर्डिंग सुनी है। लेकिन मामला अभी अदालत में विचाराधीन है, इसलिए मैं ज्यादा विवरण नहीं दूंगा।"
तृणमूल विधायक मदन मित्र की प्रतिक्रिया
सुवेंदु अधिकारी के इस गंभीर आरोप के बाद राजनीतिक सरगर्मी बढ़ गई है। इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए तृणमूल विधायक मदन मित्र ने कहा, "बिना किसी ठोस सबूत के मुख्यमंत्री का ऐसा बयान देना संभव नहीं लगता। अगर यह सच है, तो इससे अधिक दुखद कुछ नहीं हो सकता। याद रखना चाहिए कि सच को कभी दबाया नहीं जा सकता।"