कोलकाता: पश्चिम बंगाल में ईद-उल-अजहा के मौके पर गुरुवार को सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सख्त कर दी गई है। राजधानी कोलकाता समेत राज्य के कई संवेदनशील इलाकों में पुलिस और केंद्रीय बलों की अतिरिक्त तैनाती की गई है। प्रशासन की ओर से साफ निर्देश दिए गए हैं कि त्योहार के दौरान कानून व्यवस्था और आम लोगों की आवाजाही प्रभावित नहीं होनी चाहिए।
2000 अतिरिक्त पुलिसकर्मी सड़क पर तैनात
लालबाजार सूत्रों के मुताबिक, कोलकाता पुलिस के करीब दो हजार अतिरिक्त जवानों को अलग-अलग इलाकों में तैनात किया गया है। सभी डिप्टी कमिश्नरों को अपने क्षेत्रों की निगरानी की जिम्मेदारी दी गई है। संवेदनशील इलाकों में लगातार पेट्रोलिंग और चेकिंग अभियान भी चलाया जा रहा है।
ड्रोन से रखी जाएगी हर गतिविधि पर नजर
ब्रिगेड परेड ग्राउंड में होने वाली मुख्य नमाज को देखते हुए ड्रोन कैमरों के जरिए निगरानी की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा क्विक रिस्पांस टीम (QRT) और हैवी रेडियो फ्लाइंग स्क्वाड (HRFS) को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
इस बार रेड रोड पर नहीं होगी नमाज
हर साल रेड रोड पर आयोजित होने वाली ईद की नमाज इस बार नहीं होगी। प्रशासन के निर्देश के बाद मुख्य नमाज का आयोजन ब्रिगेड परेड ग्राउंड में किया जा रहा है। आयोजकों का अनुमान है कि यहां 40 से 45 हजार लोग नमाज अदा करने पहुंच सकते हैं।
सड़कों पर नमाज की अनुमति नहीं
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस बार किसी भी सड़क को अवरुद्ध कर नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं होगी। पुलिस को निर्देश दिया गया है कि यातायात और आम जनता की आवाजाही बाधित नहीं होनी चाहिए। राजाबाजार समेत कई इलाकों में मस्जिदों के भीतर ही नमाज अदा करने की अपील की गई है।