जबलपुर। मध्यप्रदेश में लंबे समय से बंद RTO चेक पोस्ट अब फिर से खुलेंगे। हाईकोर्ट के जस्टिस विशाल मिश्रा ने जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद राज्य सरकार को आदेश दिया है कि 30 दिनों के भीतर सभी चेक पोस्ट शुरू किए जाएं। परिवहन मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश का अध्ययन करने के बाद विधि विशेषज्ञों की राय लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन देगा चुनौती
ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष सीएल मुकाती ने कहा कि अभी 30 दिन का समय है। ऊपरी कोर्ट का रुख करेंगे। इस फैसले को चुनौती देंगे। अपनी बात मजबूती से रखेंगे। एसोसिएशन कोर्ट में सौरभ शर्मा से जुड़े मामले का हवाला देगा। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के चेक पोस्ट खत्म करने को लिखे गए पत्र को भी आधार बनाएंगे। क्योंकि केंद्र पहले ही चेक पोस्ट हटाने की दिशा में कदम उठा चुका हैं और ओवरलोडिंग की जांच टोल प्लाजा पर की जा रही है।
चेक पोस्ट 2024 में बंद किए गए थे
राज्य सरकार ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर 1 जुलाई 2024 से प्रदेशभर में RTO चेक पोस्ट बंद कर दिए थे। इसके बाद परिवहन विभाग ने जांच व्यवस्था समाप्त कर दी थी,चेक पोस्ट के इसी फैसले के खिलाफ याचिकाकर्ता रजनीश त्रिपाठी ने 2025 में हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने परिवहन विभाग के अपर मुख्य सचिव मनीष सिंह सहित अन्य अधिकारियों को पक्षकार बनाया है। याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता जुबिन प्रसाद और भानु प्रकाश ने दलील दी कि चेक पोस्ट बंद होने से ओवरलोडिंग और नियमों के उल्लंघन के मामले बढ़े हैं, जिससे सड़क हादसों का खतरा भी बढ़ गया है।
आदेश का पालन नहीं होगा तो अवमानना
हाईकोर्ट ने स्पष्ट कहा कि आदेश की प्रमाणित प्रति मिलने के 30 दिनों के भीतर सभी चेक पोस्ट दोबारा शुरू किए जाएं। अगर आदेश का पालन नहीं हुआ, तो याचिकाकर्ता अवमानना याचिका दायर कर सकता है। चेक पोस्ट फिर से शुरू होने से ओवरलोडिंग पर नियंत्रण और सड़क सुरक्षा में सुधार की उम्मीद है। अदालत ने यह भी निर्देश दिया कि राज्य की सीमाओं से आने वाले वाहनों की कड़ी जांच की जाए।